थाने में युवक की पिटाई करते वीडियो वायरल होने पर भले ही एसएसपी ने चार पुलिसवालों को निलंबित कर दिया हो, लेकिन सवाल ये पैदा होता है कि थाने के अंदर वीडियो किसने बना लिया? अनुमान है कि पुलिस की पिटाई का वायरल हुआ वीडियो किसी पुलिसकर्मी ने ही बनाया होगा। क्योंकि इतने इत्मीनान से अन्य कोई बाहरी व्यक्ति वीडियो नहीं बना सकता है।
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थाने में युवक की बेरहमी से पिटाई करते पुलिसकर्मी।
- फोटो : अमर उजाला
वहीं, एक पूर्व इंस्पेक्टर पर वीडियो वायरल करने का आरोप लग रहा है। 2:29 मिनट का वीडियो बनाने वाला शख्स मोबाइल में लीड लगाया है। वह मोबाइल घुमाकर पूरे मामले कवर कर रहा है। मामला भी बुधवार की दोपहर का ही है। पुलिस सूत्रों की मानें तो वीडियो एक महिला पुलिसकर्मी ने बनाया है। वह मदनपुर थाने में तैनात रहे एक इंस्पेक्टर की करीबी है।
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थाने में युवक की बेरहमी से पिटाई करते पुलिसकर्मी।
- फोटो : अमर उजाला
दो महीने पूर्व एसपी ने इंस्पेक्टर को लाइन हाजिर किया था। इससे वह नाराज चल रहा था। नए थानेदार को हटवाने की जुगत में लगा था, लेकिन मौका हाथ नहीं लग रहा था। जैसे ही मौका मिला वीडियो बनवाकर वायरल किया गया। मजे की बात यह है कि यह वीडियो पहले भटनी और सलेमपुर इलाके के लोगों के पास पहुंचा था।
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थाने में युवक की बेरहमी से पिटाई करते पुलिसकर्मी।
- फोटो : अमर उजाला
वैसे इस मामले में एसपी साइबर सेल से वीडियो बनाने और वायरल करने वाले के बारे में जानकारी ले रहे हैं। इस बाबत एसपी डॉ. श्रीपति मिश्र ने बताया कि मामले की गहनता से जांच कराई जा रही है। यदि पुलिसकर्मी ने इस वीडियो को वायरल किया है तो यह आचरण के विपरीत है।
थाने में युवक की बेरहमी से पिटाई करते पुलिसकर्मी।
- फोटो : अमर उजाला
एक पर क्यों दिखाई दरियादिली
युवक की पिटाई करने वाला जैकेट पहना है। इससे यह पता नहीं चल पा रहा है कि वह दरोगा है या दीवान, लेकिन उसके जूता का रंग बता रहा है कि दरोगा ही होगा। यदि दरोगा है तो फिर उस पर कार्रवाई नहीं होना सवाल पैदा कर रहा है। हालांकि एसपी उसे ही हेड कांस्टेबल बता रहे हैं। इसके अलावा बांह पर तीन फीती लगाने वाला भी एक हेड कांस्टेबल मौजूद रहे।