दिल्ली के एक फर्म से तालमेल कर वीजा उपलब्ध कराकर विदेश भी भेजा जाता है। बताया जा रहा है कि एक शख्स से देश के हिसाब से 40 से 50 हजार रुपये लिए जाते हैं। संतोष सिंह ने पुलिस को शाम सात बजकर 20 मिनट पर सूचना दी कि पांच बदमाश उनके कार्यालय में घुसे और असलहा दिखाकर 22 लाख रुपये लूट लिए। सूचना मिलते ही हड़कंप मच गया। आनन फानन सभी आला अफसर मौके पर पहुंचे।
पुलिस ने सीसीटीवी कैमरे के बारे में पूछा तो बताया गया कि वह खराब है। मौके से डीवीआर टूटा मिला। इसके बाद पुलिस को संदेह हुआ और छानबीन शुरू की गई। पुलिस की छानबीन में संतोष के कार्यालय से नौ लाख रुपये मिले। पुलिस ने घटना के समय मौजूद तीन कर्मचारियों को हिरासत में लिया और पूछताछ के बाद संतोष के घर पहुंची।
घर की तलाशी में दरवाजे के पीछे एक और बैग मिला। इस बैग में छुपाकर करीब 20 लाख रुपये रखे गए थे। पुलिस ने संतोष के घर व कार्यालय से करीब 29 लाख रुपये की नकदी बरामद की है। अब बरामद नकदी से संबंधित दस्तावेजों की छानबीन की जा रही है।
कंपनी संचालक संतोष सिंह का कहना है कि वह एक शख्स से 40 से 50 हजार रुपये लेते हैं। मंगलवार को 42 लोगों के 22 लाख रुपये थे, जिसे बदमाश लूटकर फरार हो गए। कुछ लोगों ने सोमवार को भी विवाद किया था। जिस समय वारदात हुई वहां पर मेरे अलावा तीन अन्य कर्मचारी मौजूद थे। बदमाशों ने कहा कि रुपये दे दो नहीं तो गोली मार देंगे। डर से रुपये दे दिए।
पुलिस की छानबीन से पता चला कि विदेश जाने के इच्छुक कुछ युवक सोमवार को संतोष के पास आए थे। किसी बात को लेकर दोनों में कहासुनी हुई थी।
देर रात तक चली घर की तलाशी, घर से भी पासपोर्ट बरामद
घटना के बाद पुलिस ने देर रात तक कंपनी संचालक का कार्यालय व आवास खंगाला। महिला पुलिस कर्मियों की मौजूदगी में घर के एक-एक हिस्से की तलाशी ली गई है। बड़ी मात्रा में पासपोर्ट बरामद हुए हैं। महिला पुलिस कर्मियों की मदद से लूट की सूचना देने वाले संतोष सिंह की पत्नी से भी पूछताछ की गई है। बरामद पासपोर्ट पुलिस ने कब्जे में ले लिया। अब एक-एक पासपोर्ट व उससे संबंधित दस्तावेजों की जांच की जाएगी।
एसपी सिटी ने वीडियो संदेश जारी कर दी जानकारी
एसपी सिटी डॉ. कौस्तुभ ने वीडियो संदेश जारी करके मामले की जानकारी दी। एसपी सिटी ने कहा कि शाम सात बजकर 20 मिनट पर पुलिस कंट्रोल रूम को सूचना दी गई। बताया गया कि कुछ लोगों ने असलहा दिखाकर 22 लाख रुपये लूट लिए। कैंट पुलिस ने मौके पर जाकर छानबीन शुरू कर दी। लूट की सूचना देने वाले व्यक्ति के कार्यालय से ही नौ लाख रुपये से ज्यादा बरामद किए गए हैं। घर से करीब 20 लाख रुपये मिले हैं। कार्यालय से कलर्ड स्टांप पेपर, हस्ताक्षर किए दस्तावेज मिले हैं। मामले की छानबीन की जा रही है। सीसीटीवी फुटेज, सर्विलांस व अलग-अलग टीमों की मदद से जांच की जा रही है।
एसएसपी जोगेंद्र कुमार ने बताया कि 22 लाख रुपये लूटने की सूचना पुलिस को दी गई। जांच के दौरान कार्यालय से नौ लाख रुपये बरामद हुए हैं। घर से भी नकदी मिली है। मामला संदिग्ध लग रहा है। कार्यालय से फर्जी स्टांप व अन्य सामग्री मिली है। अलग-अलग बिंदुओं पर पुलिस की जांच जारी है। जल्द ही मामले का पर्दाफाश कर दिया जाएगा।