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दवा कारोबारी मौत मामला: फॉरेंसिक रिपोर्ट के इंतजार में गुजर गया दिन, हैंडवॉश पर टीकी मौत की गुत्थी

Wed, 26 Feb 2020 12:24 PM IST
vivek shukla डिजिटल न्यूज डेस्क, गोरखपुर।
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मृतक सईद अहमद। (File) - फोटो : अमर उजाला।
दवा कारोबारी सईद की मौत मामले की जांच फॉरेंसिक रिपोर्ट के इंतजार में रुक गई है। डीआईजी, एसपी सिटी ने खुद लखनऊ स्थित फॉरेंसिक लैब के डायरेक्टर से बात की, लेकिन देर शाम तक रिपोर्ट नहीं मिल पाई। पुलिस जांच के लिए पूरा दिन रिपोर्ट का इंतजार करती रही। यह हाल तब रहा जब अधिकारियों के बात करने के साथ ही गोरखपुर का एक पुलिसकर्मी पूरा दिन लैब के बाहर रिपोर्ट के लिए बैठा रहा। दरअसल इस रिपोर्ट के आने के बाद ही मामले में जांच आगे बढ़ पाएगी।
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Medical delar - फोटो : अमर उजाला
दो गोली सीने में और एक गोली सिर में लगने के बाद दवा कारोबारी की मौत की गुत्थी वैसे ही उलझी हुई है जैसे की पहले दिन थी। तीन गोलियां लगने के बाद भी कोतवाली पुलिस सईद के आत्महत्या को ही सही मान रही है। अफसरों के दबाव में हत्या के एंगल की जांच तो शुरू कर दी गई है पर कोतवाली पुलिस का कहना है कि हैंड वॉश की जांच रिपोर्ट में अगर सईद के हाथ में गन पाउडर लगा मिला तो यह साबित हो जाएगा कि उन्होंने खुदकुशी ही की थी। हालांकि हैंड वॉश की रिपोर्ट में गन पाउडर की उपस्थिति मिलने भर से मामले को खुदकुशी साबित कर माना मुमकिन नहीं होगा। क्योंकि यह भी हो सकता है हत्या के बाद कारोबारी के हाथ में बंदूक फंसा कर कनपटी पर गोली मारी गई हो, ऐसे में हैंड वॉश की रिपोर्ट का कोई मतलब नहीं होगा।
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crime - फोटो : अमर उजाला
ऐसे में अब अफसरों पर ही भरोसा
एक राह चलते आम आदमी से भी अगर पूछा जाए कि कोई खुद को तीन गोली मारकर खुदकुशी कर सकता है क्या? तो उसका भी जवाब यही होगा-संभव नहीं। मगर घटना वाले दिन आधी रात जांच कर लौटी कोतवाली पुलिस को यह बात समझ में नहीं आ रही है। वह इसे खुदकुशी ही मानकर चल रही है। हालांकि कोई खुद को तीन गोली कैसे मार सकता है? इस सवाल का जवाब कोतवाली पुलिस के पास भी नहीं है।
 

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मृतक सईद अहमद। (File) - फोटो : अमर उजाला
सीओ कोतवाली वीपी सिंह तो यहां तक कहते है कि हैंड वॉश रिपोर्ट आते ही यह साबित हो जाएगा कि सईद ने खुदकुशी की थी। ऐसे में कोतवाली पुलिस की मंशा भी संदेह के घेरे में आती दिख रही है। ऐसे में भरोसा अब सिर्फ अफसरों पर ही रह गया है। क्योंकि डीआईजी राजेश डी मोदक और एसपी सिटी डॉ. कौस्तुभ ने मामले में जांच के निर्देश नहीं दिए होते तो पुलिस इसे खुदकुशी साबित कर फाइल बंद कर चुकी होती।
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crime - फोटो : अमर उजाला
यह हुआ था
नखास के रहने वाले सईद अहमद (54) का शव उनके बाथरूम में मिला। शरीर में तीन गोलियां लगी थीं। सूचना पर पहुंची कोतवाली पुलिस को सईद के इकलौते बेटे अनस ने बताया कि मां की मौत के बाद से अब्बू डिप्रेशन में थे। उनका इलाज चल रहा था। 13 फरवरी की रात में 12 बजे के बाद तीन गोलियां चलने की आवाज आई। अब्बू के कमरे की तरफ  गया तो दरवाजा अंदर से बंद था। कमरे तक जाने के लिए किचन की खिड़की का इस्तेमाल किया गया। कमरे से अटैच बाथरूम में पिता का शव पड़ा मिला। दाहिने हाथ में पिस्टल थी।

एसपी सिटी डॉ. कौस्तुभ ने कहा कि हैंड वॉश की फॉरेंसिक रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है। मंगलवार को लैब के डायरेक्टर से बातचीत की गई मगर देर शाम तक रिपोर्ट नहीं मिल सकी। बुधवार को रिपोर्ट मिलने की उम्मीद है। फिर जांच आगे बढ़ेगी।
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