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अब हनुमान की इस गाथा में गूंजेगी बड़े पर्दे के 'बाहुबली' की आवाज, दिखेंगे बजरंग बली के अद्भुत अवतार

Sun, 24 Jan 2021 08:35 AM IST
shrilata biswas अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई
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द लीजेंड ऑफ हनुमान - फोटो : अमर उजाला, मुंबई
भगवान श्री राम के परम भक्त महाबली हनुमान पर आधारित एक एनिमेशन वेब सीरीज जल्द ही आपके मोबाइल पर अवतरित होने वाली है। विश्व स्तर पर बनी इस एनिमेशन सीरीज को ओटीटी पर रिलीज करने की तैयारी अंतिम चरणों में हैं। और, इस सीरीज में आपको सुनाई देगी वही आवाज जो आपने फिल्म ‘बाहुबली’ में माहिष्मती के युवराज के तौर पर सुनी होगी।
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शरद केलकर - फोटो : अमर उजाला, मुंबई
जी हां, ये तो आपको पता ही होगा एसएस राजामौली की फिल्म सीरीज 'बाहुबली' के हिंदी वर्जन में बाहुबली के किरदार को आवाज मशहूर अभिनेता शरद केलकर ने दी थी। शरद पिछले साल रिलीज हुई फिल्म ‘तानाजी’ में छत्रपति शिवाजी के रूप में दिखे थे। हाल ही में रिलीज हुई फिल्म ‘लक्ष्मी’ में भी उनके किरदार को लोगों ने खूब सराहा। केलकर को अब बजरंग बली की गाथा सुनाने का मौका मिलने की बहुत खुशी है। वह इसे अपना सौभाग्य समझते हैं।
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शरद केलकर - फोटो : अमर उजाला, मुंबई
अपनी खुशी जाहिर करते हुए शरद केलकर ने कहा, 'हममें से अधिकांश लोग या तो हनुमान की कहानियों को सुनते हुए बड़े हुए हैं या फिर हमने उन्हें टीवी पर देखा है। दिलचस्प बात यह है कि हम उनके शुरुआती दिनों के बारे में बहुत कम जानते हैं। ये सीरीज 'द लेजेंड ऑफ हनुमान' उनकी ही कहानी बताएगी। हनुमान भूल चुके थे कि वह क्या हैं? वह यही मानते रहे कि वह सिर्फ एक आम वानर हैं। एक सूत्रधार के रूप में मेरा सौभाग्य है कि मैं इस कहानी को एक सूत्र में पिरोने के लिए अपनी आवाज दे रहा हूं। मेरे लिए यह अद्वितीय अनुभव है।'

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शरद केलकर - फोटो : अमर उजाला, मुंबई
शरद केलकर का मानना है कि 'द लेजेंड ऑफ हनुमान' की कहानी लोगों को एक विश्वास की ओर प्रेरित करेगी। और यह बताएगी कि अस्तित्व का महत्व शक्ति में नहीं, बल्कि विश्वास, साहस और उदारता में है। इस एनिमेशन वेब सीरीज में 13 एपिसोड हैं जिन्हें देश की सात प्रमुख भाषाओं हिंदी, तमिल, तेलुगु, मराठी, बंगाली, मलयालम और कन्नड़ में रिलीज किया जाएगा। सीरीज का निर्देशन किया है जीवन जे कांग और नवीन जॉन ने जबकि इसके लेखन की जिम्मेदारी उठाई शरद देवराजन, सरवत चड्ढा, अश्विन पांडे और अरशद सैयद ने।
 
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शरद केलकर - फोटो : अमर उजाला, मुंबई
वैसे तो ज्यादातर लोगों ने महाबली हनुमान के बारे में सुन रखा है और टीवी पर देख भी रखा है लेकिन 'द लेजेंड ऑफ हनुमान' सीरीज के निर्माताओं का मानना है कि वह इस सीरीज के जरिए हनुमान की जिंदगी के उस समय को प्रमुखता से दिखाएंगे जब वह अपनी शक्तियों को भुला बैठे थे। आज तक टीवी और फिल्मों की जिस भी कहानी में महाबली हनुमान का जिक्र हुआ है उनमें से ज्यादातर में इतना तो दिखाया ही गया है कि हनुमान ने बचपन में अपनी शैतानियों की वजह से अपनी शक्तियों को खो देने का श्राप पाया था।

श्राप मिलने के बाद हनुमान लंबे समय तक अपनी शक्तियों के बिना ही रहे। हालांकि, उनकी भुजाओं में इतनी ताकत थी कि उनके सामने फिर भी किसी का टिक पाना नामुमकिन था। हनुमान की शक्तियों को वापस दिलाने का काम तब होता है जब माता सीता की खोज करने के लिए किसी एक को लंका जाना होता है। वह हनुमान ही हैं जो माता सीता की खोज के लिए लंका गए और वहां भी लंका नरेश रावण के सामने अपनी ताकत और विनम्रता दोनों का ही बराबर सबूत दिया। वेब सीरीज 'द लेजेंड ऑफ हनुमान' इसी महीने के आखिर में ओटीटी पर रिलीज होगी।


 
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