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Ramayan: 'राम' बनने के लिए अरुण गोविल ने ऐसे की थी तैयारी, कहा- 'मैंने कोई फिल्म नहीं देखी..'

Sat, 25 Apr 2020 04:46 PM IST
Avinash Pal एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला
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Arun govil - फोटो : Twitter
लॉकडाउन के चलते टीवी पर कई पुराने कार्यक्रमों की वापसी हुई है। ऐसे में दूरदर्शन पर रामायण, महाभारत, चाणक्य, शक्तिमान, सर्कस आदि जैसे कई कार्यक्रमों का दोबारा प्रसारण किया जा रहा है। इन सभी पुराने टीवी शोज में रामानंद सागर की रामायण को एक बार फिर से दर्शकों का असीम प्यार मिल रहा है। ऐसे में रामायण में राम बने अरुण गोविल ने सोशल मीडिया पर इस कार्यक्रम के किस्से साझा किए हैं।
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arun govil - फोटो : social media
सोशल मीडिया पर अरुण गोविल से एक सवाल पूछा गया कि जब श्रीराम के किरदार को जीवंत बनाने के लिए किस तरह की तैयारी आपको करनी पड़ी थी? इस सवाल के जवाब में अरुण गोविल ने ट्विटर पर लिखा, 'मैंने कोई फिल्म नहीं देखी, अपने घरों में उनकी जो तस्वीरें हैं, वही देखी थीं।' 
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Arun Govil - फोटो : Social Media
अरुण ने अपने इस ट्वीट में आगे लिखा, 'उनके तमाम गुणों के आधार पर उनकी कल्पना की थी। शूटिंग से पूर्व हमने राम के लुक में फोटो निकाली, यह देखने के लिए कि हम कैसे दिखते हैं। हम इंसान दिख रहे थे, भगवान नहीं। राम का यह एक गुण था।'

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Arun Govil - फोटो : Social Media
अपनी बात आगे रखते हुए अरुण ने कहा, 'लेकिन भगवान की सौम्यता और निर्मलता नहीं दिख रही थी। मुझे राजकुमार बड़जात्या जी की एक बात याद आ गई थी कि आपकी मुस्कुराहट बहुत अच्छी है, इसे किसी दिन यूज़ कीजियेगा। मैंने अपनी मुस्कान का यहाँ इस्तेमाल किया और उसने मेरा सारा काम कर दिया।'

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Arun Govil - फोटो : social media
80 के दशक में जब रामायण धारावाहिक टीवी पर आया तो इसके साथ ही कई स्पेशल इफेक्ट्स भी देखने को मिले थे, जैसे हनुमान का संजीवनी बूटी लाना, पुष्पक विमान का उड़ना आदि। प्रेम सागर ने एक इंटरव्यू में बताया था कि जब रामायण के दौरान बहुत सारे जूनियर कलाकारों की जरूरत पड़ती थी तो गाँव-गाँव जाकर ढोल नगाड़ो के साथ घोषणा की जाती थी और कलाकार भर्ती किए जाते थे। वहीं कहा जाता है कि उस दौर में रामायण के प्रसारण के दौरान अफसर से लेकर नेता तक किसी से मिलना तो क्या किसी का फोन भी उठाना पसंद नहीं करते थे।
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