हिंदी सिनेमा का जब भी जिक्र होगा उसमें फिल्म 'शोले' जरूर शामिल होगी। फिल्म का एक-एक किरदार अभी भी लोगों के जेहन में है। इन्हीं किरदारों में से एक 'शोले' के 'ठाकुर' को भला कौन भूल सकता है। बिना बाजुओं के गब्बर को खत्म करते उस हीरो ने हिंदी सिनेमा के सारे स्टीरियोटाइप तोड़ दिए। जी हां, हम बात कर रहे हैं अभिनेता संजीव कुमार की। 6 नवंबर 1985 को 47 साल की उम्र में संजीव कुमार ने दुनिया को अलविदा कह दिया। तो चलिए जानते हैं उनके बारे में कुछ खास बातें...