प्रेम गीत
- फोटो : अमर उजाला, मुंबई
चलते चलते...
खैर, ये तो लखन और शत्रुघ्न का घरेलू मामला ठहरा और हमें मतलब है अपने आज के बाइस्कोप से। फिल्म ‘प्रेम गीत’ राज बब्बर के करियर के टेक ऑफ वाले दौर की फिल्म है। राज बब्बर की पहली झलक भले इमरजेंसी के समय बनी फिल्म ‘किस्सा कुर्सी का’ में पहली बार लोगों ने देखी हो लेकिन उनकी फ्लाइट रनवे पर साल 1980 में ‘हम पांच’ और ‘इंसाफ का तराजू’ जैसी फिल्मों से ही दौड़ी। 1981 में राज बब्बर की नौ फिल्में रिलीज हुईं, जिसमें से एक फिल्म रेखा की ‘उमराव जान’ भी काफी खास है। राज बब्बर ने इन फिल्मों के बाद तमाम दमदार किरदार किए, जिनके बारे में मैं आपको आने वाले बाइस्कोप में बताता रहूंगा। आज के बाइस्कोप में इतना ही, कल बात करेंगे एक और ओल्डी गोल्डी की..। सिलसिला जारी है।
(बाइस्कोप अमर उजाला डिजिटल का दैनिक कॉलम है जिसमें हम उस दिन रिलीज हुई किसी पुरानी फिल्म के बारे में चर्चा करते हैं।)