ऐसे पड़ा जग्गू दादा नाम
80 के दशक में जैकी श्रॉफ का खूब जादू चला। उन्होंने बतौर एक्शन हीरो खुद को इंडस्ट्री में स्थापित किया। रोमांटिक हीरो के रूप में भी जैकी को खूब पसंद किया गया। जैकी श्रॉफ ने काफी संघर्ष के बाद बॉलीवुड में अपनी पहचान बनाई। उनका बचपन मुंबई के चॉल में गुजरा। वहां से निकलकर उन्होंने एक्शन हीरो बनकर दुनियाभर में पहचान बनाई है। जैकी श्रॉफ का जन्म 01 फरवरी 1957 को वालकेश्वर, मुंबई के तीन बत्ती एरिया में हुआ। उनका वास्तविक नाम जयकिशन काकुभाई श्रॉफ है। जैकी का जन्म गरीब परिवार में हुआ था। कहा जाता है कि जैकी हमेशा अपने चॉल के लोगों की मदद करते थे और इसीलिए उनका नाम 'जग्गू दादा' रखा गया। चॉल में सभी उन्हें इसी नाम से बुलाते थे। गरीबी के चलते जैकी ने 11वीं के बाद पढ़ाई छोड़ दी और नौकरी की तलाश करने लगे। उन्हें खाना बनाने का बहुत शौक था, इसलिए वे नौकरी के लिए ताज होटल गए, लेकिन उन्हें वहां नौकरी नहीं मिली।
सुभाष गई ने बनाया 'हीरो'
जैकी श्रॉफ ने अपने करियर में करीब 250 फिल्मों में काम किया है। उन्हें करियर का पहला ऑफर बस स्टैंड पर मिला था। दरअसल, कई दिनों तक नौकरी की तलाश में भटकने के बाद एक दिन जैकी बस स्टैंड पर बस का इंतजार कर रहे थे, वहां खड़े एक शख्स ने उनकी हाइट देखकर पूछा, 'क्या आप मॉडलिंग में दिलचस्पी लेंगे?' और जवाब में जैकी ने कहा, 'क्या आप पैसे देंगे? बस यहीं से जैकी श्रॉफ की अभिनय पारी शुरू हो गई। जैकी ने साल 1973 में फिल्म हीरा पन्ना से इंडस्ट्री में कदम रखा था। इसमें उनका नेगेटिव रोल था। इसके बाद उनकी फिल्म 'स्वामी दादा' आई। लेकिन, जैकी श्रॉफ की किस्मत बदली सुभाष घई की फिल्म के बाद। काफी संघर्षों के बाद जैकी श्रॉफ को सुभाष घई की फिल्म 'हीरो' में काम करने का मौका मिला। फिल्म जबर्दस्त हिट रही और इसके बाद जैकी श्रॉफ को पीछे मुड़कर नहीं देखना पड़ा।
लोकप्रियता के बाद भी नहीं छोड़ा चॉल
फिल्म 'हीरो' ने जैकी श्रॉफ की लोकप्रियता को इस कदर बढ़ाया कि हर निर्माता-निर्देशक उन्हें अपनी फिल्म में लेने को लालायित रहने लगा। उनके घर के बाहर बड़े-बड़े निर्देशकों की लाइन लगी रहती। कहा जाता है कि जैकी श्रॉफ की दीवानगी का उस दौर में आलम यह था कि अगर वे टॉयलेट में होते थे तो निर्माता-निर्देशक टॉयलेट के बाहर खड़े होकर भी अभिनेता को अपनी फिल्म में लेने के लिए उनका इंतजार करते थे। जैकी श्रॉफ गरीबी और तंगहाली से उठकर फिल्मों की दुनिया में आये थे और वो इसकी कीमत बखूबी जानते थे। शायद यही वजह थी कि फिल्म 'हीरो' हिट होने के बाद भी जैकी ने चॉल में रहना नहीं छोड़ा था। वे सालों तक यही रहते रहे।
चॉल में हुई फिल्मों की शूटिंग
जैकी श्रॉफ की कुछ फिल्मों को उसी चॉल में शूट किया गया था, जहां वे रहते थे। जैकी श्रॉफ ने 1987 में आयशा से लव मैरिज की थी। उनके दो बच्चे टाइगर श्रॉफ और कृष्णा श्रॉफ है। वर्क फ्रंट की बात करें तो बीते वर्ष उन्हें 'बेबी जॉन' में देखा गया। अब वे 'हाउसफुल 5' में नजर आएंगे।