प्राजक्ता कोली ने अपने बचपन से जुड़ी एक इमोशनल स्टोरी शेयर की है। उन्होंने कहा कि माता-पिता ने बचपन में पैसों की कमी होने के कारण उनकी गुल्लक तोड़ी थी।
अभिनेत्री और यूट्यूबर प्राजक्ता कोली ने अपने बचपन की एक इमोशनल याद साझा की है। उन्होंने बताया कि एक बार उनके माता-पिता ने उनकी गुल्लक तोड़ी है। उन्होंने कहा कि पैसों की कमी के कारण माता पिता ने उनकी गुल्लक फोड़ी थी। हालांकि, उस दौरान वे छोटी बच्ची थीं।
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प्राजक्ता कोली
- फोटो : इंस्टाग्राम @mostlysane
जब तोड़ी प्राजक्ता की गुल्लक
प्राजक्ता ने कहा, मुझे याद है जब मैं 12 साल की थी, मैं अपने स्कूल या ट्यूशन से घर आई और मम्मी पापा ने मुझे प्यार से बैठाया। मुझे याद है उन्होंने कहा, 'आबू, हम इस महीने थोड़ा संघर्ष कर रहे हैं। इसलिए हमें आपका गुल्लक तोड़ना होगा।' मैंने कहा, 'ठीक है'। उन्होंने कहा, 'कोई बात नहीं, हम आपके लिए एक नया गुल्लक लाएंगे।'
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प्राजक्ता कोली
- फोटो : इंस्टाग्राम
प्राजक्ता के पिता ने कही ये बात
प्राजक्ता के पिता मनोज कोली ने कहा, "हां...उस समय मैं एक मल्टी-लेवल मार्केटिंग कंपनी में काम कर रहा था। उस समय भारत में एक नया चलन था। उस समय, 1999-2000 में, मैंने उस कंपनी में बहुत सारा पैसा लगाया, लगभग ₹11 लाख, मेरी सारी बचत और कंपनी दिवालिया हो गई। उसके बाद मैं खाली हो गया...उस समय मैंने टैक्सी चलाई, कुछ भी काम नहीं कर रहा था, मेरे पास घर के महीने भर के खर्च के लिए पैसे नहीं थे। मैंने रिश्तेदारों और दोस्तों से मदद लेने की पूरी कोशिश की, लेकिन नहीं मिली। मेरा आखिरी विकल्प अपना गुल्लक तोड़ना था और उस पैसे से हमें उस महीने के खर्च में मदद मिली। मैं गर्व के साथ कह सकता हूं कि हम प्राजक्ता के सहयोग से अपने परिवार को चलाने में मदद की शुरुआत तब से हुई।"
बचपन में ही कर लिया था आरजे बनने फैसला
प्राजक्ता कोली ने बचपन में ही आरजे बनने का फैसला कर लिया था। उन्हें जैसे ही पहला शो मिला तो उन्होंने उस जॉब को ज्वाइन कर लिया लेकिन कुछ समय बाद उन्होंने रिजाइन दे दिया क्योंकि उन्हें एहसास हुआ कि RJ उनके लिए सही फील्ड नहीं है। एक दिन उनके जानने वाले एंटरटेनमेंट टीम के सुदीप ने उन्हें अपना यूट्यूब चैनल शुरू करने की सलाह दी। प्राजक्ता ने कुछ वक्त तक इस बारे में सोचा और साल 2015 में अपना यूट्यूब चैनल शुरू किया, हालांकि उस समय उनके पास इसके अलावा कोई ऑप्शन नहीं था लेकिन प्रजाक्ता इसे अपनी जिंदगी का सबसे अच्छा फैसला मानती हैं।