कंगना रणौत
- फोटो : पीटीआई
कंगना रणौत ने एक वीडियो साझा कर कहा, 'आज हिंदी दिवस के मौके पर लेते हैं अंग्रेजी से पंगा, मगर प्यार से। हिंदी हमारी राष्ट्रभाषा है, लेकिन राष्ट्र बोलने से कतराता है। जुबान से एबीसीडी जिस कॉन्फिडेंस से फूटती है, क ख ग उस आत्मविश्वास से क्यों नहीं निकलता? मां-बाप भी चौड़े होकर बताते हैं जब बच्चे फर्राटेदार इंग्लिश बोलते हैं। अंग्रेजी में पैदल हो तो शर्म आ जाती है, लेकिन हिंदी में हाथ तंग हो तो माथे पर शिकन भी नहीं आती। भाषा कभी सोशल सर्कल का पासवर्ड बन जाती है तो कभी हमारे टैलेंट का सर्टिफिकेट।'