आरोपी के वकील प्रशांत मेन्दिरत्ता ने कोर्ट में कहा कि 'जब बाद में लड़की का बयान लिया गया तो उसने कहा कि वह कल्पना करती थी कि वह प्रतिकूल परिस्थितियों में है। जैसे ही वो अपनी कल्पना से बाहर आई तो उसे लगा कि यह सब मनगढ़ंत कल्पना होगी। इसके बाद उसे यह भी लगता था कि उसका मालिक उसे परेशान करता था या तनख्वा नहीं देता था, जिसके कारण उसने ये सब किया। पर लड़की ने कहा कि यह सब केवल उसका वहम था। जो उसे सच लगा और उसने अपने मालिक के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई।