फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

300 से अधिक झुग्गियों पर चला बुलडोजर: मद्रासी कैंप में क्यों चलाया गया पीला पंजा, मानसून में होती थी दिक्कत

Sun, 01 Jun 2025 10:43 PM IST
विकास कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

बारापूला से अतिक्रमण हटने के बाद नई दिल्ली व दक्षिण दिल्ली को जलभराव से निजात मिल सकेगी। 
विज्ञापन
1 of 5
मद्रासी कैंप में अतिक्रमण हटाया गया - फोटो : अमर उजाला
जंगपुरा स्थित मद्रासी कैंप में रविवार को भी अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई जारी रही। यह अभियान बारापुला नाले के आसपास के क्षेत्र से अतिक्रमण हटाने के लिए अदालत के आदेशों के तहत चलाया जा रहा है। यह कार्रवाई भारी बारिश के दौरान जल निकासी में बाधा और जलभराव की समस्या को दूर करने के उद्देश्य से की जा रही है, क्योंकि नाला संकुचित होकर पानी के बहाव को रोक रहा था। 
विज्ञापन

2 of 5
मद्रासी कैंप में अतिक्रमण हटाया गया - फोटो : अमर उजाला
अब तक कुल 370 अतिक्रमण हटाए जा चुके हैं। इनमें से 189 निवासियों को पात्र मानते हुए नरेला में फ्लैट आवंटित किए गए हैं, जबकि 181 लोग पुनर्वास के लिए अयोग्य पाए गए हैं। बारापुला नाला काफी संकरा हो गया था, जिससे उसकी सफाई संभव नहीं हो रही थी और भारी बारिश के दौरान जलभराव होता था।
विज्ञापन

3 of 5
मद्रासी कैंप में अतिक्रमण हटाया गया - फोटो : अमर उजाला
अतिक्रमण हटने पर नई दिल्ली व दक्षिण दिल्ली को मिलेगी जलभराव से निजात
बारापूला से अतिक्रमण हटने के बाद नई दिल्ली व दक्षिण दिल्ली को जलभराव से निजात मिल सकेगी। यहां झुग्गी बसी होने के कारण नाले की सफाई नहीं हो रही थी और नई दिल्ली व दक्षिण दिल्ली के कई इलाकों में हर मानसून में भारी जलभराव की समस्या उत्पन्न होती थी। 

4 of 5
मद्रासी कैंप में अतिक्रमण हटाया गया - फोटो : अमर उजाला
यहां तक कि पिछले वर्षों में खान मार्केट, लोधी रोड और आसपास के सांसदों के आवासों तक में पानी भर गया था, जिससे उनका घरेलू सामान तक खराब हो गए था। यहां से अतिक्रमण हटने पर नाले की सफाई करने में दिक्कत नहीं होगी। यहां से अतिक्रमण हटने पर नाले की सफाई करने में दिक्कत नहीं होगी। 
विज्ञापन
विज्ञापन

5 of 5
मद्रासी कैंप में अतिक्रमण हटाया गया - फोटो : अमर उजाला
नाले की सफाई को लेकर इस वर्ष की शुरुआत में राजधानी में सत्ता परिवर्तन होने के बाद उपराज्यपाल वीके सक्सेना ने मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता, संबंधित मंत्रियों और स्थानीय जनप्रतिनिधियों के साथ दो बार इलाके का निरीक्षण किया। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि मानसून से पहले हर हाल में इस नाले की सफाई पूरी की जाए।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें