faridabad bomb blast
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उधर, पुलिस पूछताछ में जावेद ने बताया कि वे लोग करीब पांच दिन पहले ही हरिद्वार की सेंचुरी कंपनी से यह माल लेकर आए थे। सेंचुरी कंपनी सेना से उनका स्क्रैप खरीदती है और फिर उसे नीलाम करती है। घटनास्थल पर मौजूद बम निरोधक दस्ते के एक अधिकारी ने बताया कि सेना से तो सारा सामान जांच के बाद ही निकलता है।