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कितने प्रकार का होता है स्वाइन फ्लू, क्या हैं लक्षण और बचाव के उपाय

Fri, 01 Feb 2019 11:35 AM IST
पूजा त्रिपाठी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
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swine flu
स्वाइन फ्लू के बढ़ते मामलो के मद्देनजर केंद्रीय स्वास्थ्य व परिवार कल्याण मंत्री जेपी नड्डा के निर्देश पर निर्माण भवन में हुई बैठक के बाद सभी राज्यों के स्वास्थ्य सचिवों को निर्देश जारी किया गया है। इसमें  हिदायत दी गई है वह हर दिन जिला अस्पतालों और निजी अस्पतालों में स्वाइन फ्लू के आने वाले पॉजिटिव रोगियों का डाटा संकलित कर केंद्र को सूचित करें। इसके लिए नेशनल कंट्रोल डिजीज सेंटर , एनसीडीसी को सभी राज्यों से आंकड़े एकत्रित करने की जिम्मेवारी दी गई है। आगे जानिए कितने प्रकार का होता है स्वाइन फ्लू, क्या हैं इसके लक्षण और कैसे करें बचाव...
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swine flu
तीन श्रेणी में होता है स्वाइन फ्लू 
स्वाइन फ्लू को तीन श्रेणी में विभाजित किया गया है-
श्रेणी-ए व बी में मरीज को खांसी, जुकाम आदि की शिकायत रहती है। उनका एच1एन1 टेस्ट करवाने या अस्पताल में भर्ती करने की आवश्यकता नहीं होती।
श्रेणी-सी में मरीज की स्थित बिगडने लगती है। इसके लिए उसका टेस्ट करवाया जाता है और अस्पताल में इलाज के लिए भर्ती करना आवश्यक है।
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Cough And Cold
स्वाइन फ्लू के लक्षण:  
बुखार, खांसी, नाक बहना, छींक आना, बलगम आना, गले में खरांश, शरीर में दर्द, सिर दर्द, सांस लेने में परेशानी है तो यह स्वाइन फ्लू हो सकता है। किसी को बलगम में ब्लड आने, सीने में दर्द और बेहोश होने की शिकायत है तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए।

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shake hand
क्या है स्वाइन फ्लू से बचाव के उपाय -
1- स्वाइन फ्लू के मरीज को एक कमरे में अकेले करके रखना चाहिए। जब खांसी या छींक आए तो चेहरे पर हाथ नहीं रखना चाहिए, बल्कि रुमाल या टिश्यू पेपर का इस्तेमाल करना चाहिए।
2- इस बीमारी से बचने के लिए हाथों की नियमित सफाई करनी चाहिए। लोग सेनीटाइजर का इस्तेमाल भी कर सकते हैं।
3- भीड़भाड़ वाली जगहों पर जाने से बचें। जरूरी हो तो मास्क लगाकर जाएं।
4- अभिवादन के लिए हाथ मिलाने की जगह दूर से नमस्ते या हैलो को प्राथमिकता दें। हाथ मिलाने से वायरस फैलने का खतरा रहता है।
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swine flu virous
5- बीमार होने पर खुद इलाज न करें और डॉक्टर को दिखाएं। खूब पानी पीना चाहिए।
6- यदि संभव हो तो स्वाइन फ्लू की वैक्सीन लें। वैक्सीन लेने के बाद एक साल तक स्वाइन प्लू का खतरा नहीं रहता है।
7- यदि आपके आसपास कोई स्वाइन फ्लू का मरीज है तो अपनी जांच कराएं। क्योंकि यह बीमारी एक से दूसरे में फैलती है।
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