विनती करते छात्र-छात्राएं
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एसएसपी वैभव कृष्ण ने बताया कि दोनों छात्रों को बाल किशोर न्याय बोर्ड से जमानत मिल गई है। बुधवार को कोतवाली सेक्टर-20 के प्रभारी निरीक्षक व इस मामले के जांच अधिकारी राजबीर सिंह चौहान ने बाल किशोर न्याय बोर्ड को अवगत कराया कि जांच में पाया गया है कि दोनों छात्रों ने मौज मस्ती के लिए डीएम के आदेश को एडिट कर व्हाट्सएप ग्रुप पर वायरल किया था। इससे अन्य स्कूलों पर कोई प्रभाव नहीं पड़ा और शहर के अन्य स्कूल समय पर खुले। इसका आपराधिक आशय नहीं था। इस कारण दोनों छात्रों पर लगे आईपीसी की धारा 419, 420 और 500 हटा ली जाएं। इनकी जगह आईटी एक्ट लगाया जाए।