building collapse shaberi
- फोटो : अमर उजाला
बच्चों की परवरिश के लिए पैसा कमाने के लिए नोएडा आए थे, लेकिन हम से जिंदगी ही छीन ली गई। मुझे हमदर्दी नहीं, पति चाहिए। सबीना ये बातें सुनकर पोस्टमार्टम हाउस के स्टाफ तक की पलकें भीग गईं। सबीना ने कहा कि प्रशासन की तरफ से 50 हजार रुपये दिए जा रहे हैं। मेरे दो बच्चे हैं। जिनका स्कूल में दाखिला होना है।