फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

कुत्ते की तेरहवीं: लोगों को कराया भोज, आत्मा की शांति के लिए हुआ हवन, याद में लगाए पौधे

Thu, 08 Jul 2021 10:09 PM IST
सुशील कुमार कुमार अमर उजाला ब्यूरो, गाजियाबाद

सार

विक्रांत पंडित ने बताया कि सात साल तक साथ रहा उनका ग्रेट डेन प्रजाति के कुत्ते ‘हीरो’ को उनसे बेहद लगाव था। जब उसे घर लेकर आए तो सिर्फ दो-ढाई माह का था। वह हमेशा घर के सदस्य की तरह साथ रहा।
विज्ञापन
1 of 6
कुत्ते की तेरहवीं - फोटो : अमर उजाला
मौत के बाद अंतिम संस्कार और सारे क्रिया कर्म और तेरहवीं की रस्म भी। चौंकाने वाली बात यह है कि ये सब कुछ किसी इंसान के लिए नहीं, बल्कि पालतू कुत्ते की आत्मा शांति के लिए किया गया।

नंदग्राम क्षेत्र की कृष्णा कुंज कॉलोनी में रहने वाले समाजवादी लोहिया वाहिनी के निवर्तमान प्रदेश सचिव विक्रांत पंडित ने ग्रेट डेन प्रजाति के पालतू कुत्ते (हीरो) की अचानक हुई मौत के बाद गुरुवार को उसकी तेरहवीं मनाई। 

इस दौरान सुबह हवन किया गया, फिर बच्चों और सगे संबंधियों को भोजन कराया गया और अंत में गोशाला और स्वान केंद्र में जाकर गायों को चारा और कुत्तों को खाना खिलाया गया।
विज्ञापन

2 of 6
कुत्ते की तेरहवीं - फोटो : अमर उजाला
विक्रांत पंडित ने बताया कि सात साल तक साथ रहा उनका ग्रेट डेन प्रजाति के कुत्ते ‘हीरो’ को उनसे बेहद लगाव था। जब उसे घर लेकर आए तो सिर्फ दो-ढाई माह का था। वह हमेशा घर के सदस्य की तरह साथ रहा।
विज्ञापन

3 of 6
कुत्ते की तेरहवीं: लोगों को कराया भोज - फोटो : अमर उजाला
हीरो तब तक नहीं सोता था, जब तक वह अपने मालिक विक्रांत पंडित को नहीं देख लेता था। किसी दिन वह अगर शहर से बाहर चले जाते थे तो वह पूरी रात जाग कर काटता था और पूरे घर की चौकीदारी करता था।

4 of 6
कुत्ते की तेरहवीं - फोटो : अमर उजाला
विक्रांत बताते हैं कि हीरो इंसान तो नहीं था, लेकिन समझदारी में इंसानों से कम भी नहीं था। इन्हीं कारणों से उन्होंने उसकी मौत के बाद हर वह संस्कार पूरे किए जो इंसानों की आत्मा की शांति और मुक्ति के लिए किए जाते हैं।
विज्ञापन

5 of 6
कुत्ते की तेरहवीं: लोगों को कराया भोज - फोटो : अमर उजाला
पौधों में जीवित रहेंगे हीरो की यादें
13 दिन पहले हीरो की मौत के बाद विक्रांत पंडित ने घर में उसकी आत्मा शांति के लिए हवन कराया। इसके बाद उसकी स्मृति में कॉलोनी में ही पौधे लगाए। 
विज्ञापन
विज्ञापन

6 of 6
कुत्ते की तेरहवीं - फोटो : अमर उजाला
उनका मानना है कि लगाए गए पौधे हीरो की याद को हमेशा जिंदा रखेंगे। जब तक यह पेड़ रहेंगे, तब तक उसकी स्मृति बनी रहेगी।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें