जीशान का फाइल फोटो
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काम के सिलसिले में 12 वर्ष पहले छोड़ दिया था घर
बुनियाद अली के दोनों बेटे करीब 12 वर्ष पहले काम की तलाश में घर से निकल गए थे। दोनों करीब डेढ़ वर्ष तक दिल्ली की त्रिलोकपुरी कॉलोनी में भी रहे। उनकी पांच बहनें हैं, जिनमें से दो खोड़ा में रहती हैं। अन्य बहनें मुरादाबाद, संभल और अमरोहा के दारौरा गांव में रहती हैं। खोड़ा में रहने वाली बहनों के पतियों ने ही जीशान और गुलफाम को किराये पर कमरा दिलाया था। दोनों मकानों में वुडन इंटीरियर का काम करते थे। पुलिस का कहना है कि इसी दौरान वे सोशल मीडिया के जरिये कट्टरपंथी विचारधारा से प्रभावित हो गए। दोनों ब्रॉडकास्ट, इंस्टाग्राम व टेलीग्राम जैसे प्लेटफॉर्म पर ऐसी सामग्री का प्रचार-प्रसार करते थे।