दिलशाद कॉलोनी में शुक्रवार तड़के चार मंजिला मकान में आग लगने से एक ही परिवार के दो बच्चे समेत चार सदस्यों की झुलसने से मौत हो गई। वहीं, दो लोग गंभीर रूप से झुलस गए। हादसे के कुछ घंटों पहले परिवार ने अपनी 8 साल की बेटी का बर्थडे मनाया था।
विज्ञापन
2 of 5
delhi fire
संजय के पड़ोस में रहने वाले आर के शर्मा ने बताया कि बृहस्पतिवार रात संजय की दूसरी बेटी दीशू का जन्मदिन था। देर रात तक परिवार वाले खुशियां मना रहे थे। पार्टी में कई लोगों को आमंत्रित किया गया था। देर रात तक संजय के घर में चहल पहल थी। रात करीब एक बजे पार्टी खत्म हुई और पूरा परिवार सोने के लिए चले गया। रात तीन बजे शोर शराबा सुनकर जब आर के शर्मा की नींद खुली तो वह अपने घर से बाहर निकले।
विज्ञापन
3 of 5
delhi fire
उन्होंने पूरी इमारत में धुंआ फैला हुआ देखा। संजय की साली हैप्पी कॉरीडोर में चिल्ला-चिल्लाकर जान बचाने की गुहार लगा रही थी। आर के शर्मा भागकर हैप्पी के पास पहुंचे और उसके साथ साथ दीशू को अपनी ओर खींचा और उन्हें बालकनी की तरफ लेकर भागे। उसके बाद दोनों को सुरक्षित नीचे उतार लिया। हादसे में दो बच्चियों की भी मौत हो गई।
4 of 5
delhi fire
स्थानीय लोगों ने दमकल की गाड़ियों के करीब एक घंटे बाद मौके पर पहुंचने का आरोप लगाया। उन लोगों का कहना था कि जब तक गाड़ियां मौके पर पहुंची, तब तक सबकुछ स्वाह हो गया था। लेकिन घटनास्थल के पास एक इमारत में लगी सीसीटीवी कैमरे में जो कैद हुआ है वह काफी हैरान करने वाला है। दमकल की गाड़ियों के मौके पर लेट पहुंचने की वजह गली में खड़ी गाड़ियां थी। सीसीटीवी में साफ नजर आ रहा है कि दमकल कर्मी गाडियों को घटनास्थल पर लाने के लिए काफी मशक्कत कर रहे हैं।
स्थानीय निवासी निशा ने बताया कि पहले भी इलाके में कई जगहों पर आग लगने की घटना हो चुकी है। लेकिन गली में अवैध पार्किंग की वजह से दमकल की गाड़ियां मौके पर आसानी से नहीं पहुंच पाती है। अवैध पार्किंग के खिलाफ वर्ष 2016 में पुलिस को शिकायत भी दी गयी लेकिन उनकी शिकायत पर कोई कार्रवाई नहीं की गयी। वहीं स्थानीय लोगों का कहना है कि इस स्थिति से निपटने के लिए दमकल विभाग को उपाय करने होंगे ताकि ऐसी गली में रहने वालों की जान बचायी जा सके।