दिल्ली में हुए धमाके के बाद वाहन के पुर्जे को लेकर जाता पुलिसकर्मी
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लॉजिस्टिक से लेकर हर तरह के खर्च में काम आती है टेरर फंडिंग की ये रकम
आधिकारिक सूत्र ने बताया टेरर फंडिंग की ये रकम आतंकी मॉड्यूल से जुड़े आरोपी लॉजिस्टिक से लेकर हर तरह के खर्च में प्रयोग करते हैं। अधिकारी ने उदाहरण देकर बताया कि दिल्ली धमाके से पहले अमोनियम नाइट्रेट खरीदने के लिए, बम धमाके में इस्तेमाल कार के लिए, धमाके के लिए अन्य सामान खरीदने के लिए रुपयों की जरूरत रहती है। बार-बार रेकी करने जाने के लिए, कुछ अन्य सामान खरीदने में होने वाले खर्च सभी इन्हीं रुपयों से किए जाते हैं।