फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

रेप के बाद शादी कर लेने से नहीं खारिज होगी दर्ज FIR : हाईकोर्ट

Sat, 05 Aug 2017 10:28 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, नई दिल्ली
विज्ञापन
1 of 5
marriage
सुप्रीम कोर्ट के एक पूर्व निर्णय का हवाला देते हुए हाईकोर्ट ने दुष्कर्म के मामले में दर्ज एफआईआर खारिज करने से इनकार कर दिया। हाईकोर्ट ने कहा कि दुष्कर्म पीड़िता से शादी कर लेना एफआईआर खारिज करने का आधार नहीं हो सकता।
विज्ञापन

2 of 5
rape - फोटो : amar ujala.
मर्चेंट नेवी के अधिकारी ने याचिका दायर कर उसके खिलाफ दर्ज दुष्कर्म की एफआईआर खारिज करने की मांग की थी। जस्टिस प्रतिभा रानी ने अपने फैसले में कहा कि ज्ञान सिंह बनाम पंजाब मामले में दिए गए निर्णय के मुताबिक दुष्कर्म की एफआईआर को महज इस आधार पर खारिज नहीं किया जा सकता कि आरोपी ने पीड़िता से शादी कर ली है।
विज्ञापन

3 of 5
दिल्ली - फोटो : SELF
हाईकोर्ट ने यह निर्णय विकास कुमार की याचिका पर सुनवाई के बाद सुनाया है। याची ने उसके खिलाफ नवंबर 2016 में तिमारपुर थाने में दर्ज एफआईआर खारिज करने का आग्रह किया था। याचिका में कहा गया कि पीड़िता व उसके बीच 2005 से प्रेम संबंध थे।

4 of 5
प्रतिकात्मक तस्वीर - फोटो : WondersList
उन दोनों ने जुलाई 2012 में सहमति से आपसी संबंध बनाए थे। कुछ समय बाद याची का चयन मर्चेंट नेवी में हो गया। वह जब भी दिल्ली आता था, तो पीड़िता से मिलता था। वह पीड़िता से शादी करना चाहता था, लेकिन दोनों की जातियां अलग होने के कारण याची के परिजन इसके लिए तैयार नहीं थे। इसकेे बाद याची ने परिवार वालों की पसंद की लड़की से शादी कर ली थी, लेकिन यह शादी टूट गई थी।
विज्ञापन
विज्ञापन

5 of 5
marriage
याची व पीड़िता दोबारा एक दूसरे के नजदीक आ गए। इसी बीच पीड़िता को गलत-फहमी के कारण शक हुआ और उसने छह नवंबर, 2016 को याची के खिलाफ एफआईआर दर्ज करवा दी। इसके बाद याची ने तीन दिसंबर, 2016 को सरेंडर कर दिया। कोर्ट ने शादी करने के लिए उसे 20 मई, 2017 को अंतरिम जमानत प्रदान की थी। इसके बाद याची व पीड़िता ने गाजियाबाद के आर्य समाज मंदिर में विवाह किया था।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें