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Delhi Blast: मुजम्मिल ने खोरी जमालपुर में भी बनाया था ठिकाना, तीन बेडरूम का था मकान...कई बार शाहीन को लेकर आया

Fri, 28 Nov 2025 08:57 AM IST
आकाश दुबे अमर उजाला ब्यूरो, फरीदाबाद/नई दिल्ली

सार

अल फलाह यूनिवर्सिटी के पास ही खेतों में बने एक कमरे को भी डॉ. मुजम्मिल ने किराये पर लिया था। इसमें अमोनियम नाइट्रेट व अन्य विस्फोटक पदार्थ लगभग 12 दिनों तक छिपाकर रखा था। 
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Delhi Blast - फोटो : अमर उजाला
अल-फलाह यूनिवर्सिटी से गिरफ्तार डॉ. मुजम्मिल के फरीदाबाद में दो अन्य ठिकानों का पता चला है। एनआईए की पूछताछ में डॉ. मुजम्मिल ने धौज व फतेहपुर तगा के दो ठिकानों के बाद यूनिवर्सिटी के पास बने एक कमरे और खोरी जमालपुर गांव में एक तीन बेडरूम वाला मकान किराये पर लेने का खुलासा किया है।
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Delhi Blast - फोटो : ANI
मकान खोरी जमालपुर गांव के पूर्व सरपंच का है और डॉ. मुजम्मिल ने इस मकान को कश्मीरी फलों का व्यापार करने का झांसा देकर किराये पर लिया था। पूछताछ में ये भी खुलासा हुआ है कि डॉ. मुजम्मिल इस मकान पर कई बार डॉ. शाहीन के साथ जाकर ठहरा भी था। सूत्रों की मानें तो अल फलाह यूनिवर्सिटी के पास ही खेतों में बने एक कमरे को भी डॉ. मुजम्मिल ने किराये पर लिया था। इसमें अमोनियम नाइट्रेट व अन्य विस्फोटक पदार्थ लगभग 12 दिनों तक छिपाकर रखा था। 
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डॉ. मुजम्मिल की फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला
इसके बाद वो यहां से धौज व फतेहपुर तगा के किराये के कमरों पर अमोनियम नाइट्रेट व विस्फोटक ले गया था। इसके पीछे उसने कारण बताया है कि ये कमरा खेतों में था तो उसे शक था कि कहीं यहां से सामान चोरी न हो जाए।

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डॉ. शाहीन की फाइल फोटो - फोटो : एजेंसी
आधिकारिक सूत्रों की मानें तो सोमवार रात को एनआईटी टीम जब डॉ. मुजम्मिल को अल फलाह यूनिवर्सिटी निशानदेही के लिए लेकर आई तो इन दो नए ठिकानों पर भी लेकर गई थी। पूर्व सरपंच ने डॉ. मुजम्मिल को पहचानते हुए जांच एजेंसी को बताया कि उसका भतीजा बीमार रहता था। डॉ. मुजम्मिल से भतीजे का इलाज कराया था और इसी दौरान जान पहचान हुई थी।
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delhi blast - फोटो : amar ujala
अप्रैल से लेकर जुलाई 2025 के दौरान अल फलाह यूनिवर्सिटी से लगभग 4 किलोमीटर दूर खोरी जमालपुर गांव में डॉ. मुजम्मिल ने पूर्व सरपंच का मकान 8 हजार रुपये मासिक किराये पर लिया था। पूर्व सरपंच की रोड पर प्लास्टिक रॉ मटेरियल की फैक्टरी है। उसके ऊपर ये कमरे बने हुए हैं। ढाई महीने बाद ही डॉ. मुजम्मिल ने ये मकान खाली कर दिया था।
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दिल्ली में धमाके का मुख्य आरोपी डॉ. उमर। - फोटो : अमर उजाला
नेहरू ग्राउंड की दुकान पर जांच के लिए पहुंची एनआईए 
दिल्ली में लालकिले के पास कार में बम धमाके की जांच कर रही एनआईए टीम बृहस्पतिवार शाम को एक बार फिर फरीदाबाद पहुंची। टीम ने एनआईटी नेहरू बाउंड स्थित केमिकल शहीद पर जाकर यहां के मालिक से लगभग 15 मिनट पूछताछ की। इस दौरान पकड़े जा चुके संदिग्ध आतंकियों की फोटो दिखाकर पूछा गया कि क्या इनमें से कोई कभी केमिकल खरीदने दुकान पर आया था। दुकानदार ने इनकार कर दिया तो टीम यहां से वापस चली गई।
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Delhi Blast - फोटो : पीटीआई
जसीर सात दिन की रिमांड पर
पटियाला हाउस कोर्ट ने बृहस्पतिवार को लाल किला ब्लास्ट केस के मुख्य आरोपी जसीर बिलाल बानी को सात दिनों के लिए राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) की कस्टडी में भेज दिया है। वानी को 17 नवंबर को श्रीनगर से गिरफ्तार किया गया था।

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Delhi Blast - फोटो : अमर उजाला
एजेंसी ने बानी को कोर्ट में पेश किया, क्योंकि प्रधान सत्र और जिला न्यायाधीश जज अंजू बजाज चांदना ने 18 नवंबर को 10 दिन की कस्टडी दी थी, जो बृहस्पतिवार को खत्म होने वाली थी। जम्मू-कश्मीर के अनंतनाग के काजीगुंड के रहने वाले वानी पर आरोप है कि उसने 10 नवंबर के ब्लास्ट से पहले ड्रोन को मॉडिफाई करके और रॉकेट बनाने की कोशिश करके आतंकी हमले करने के लिए टेक्निकाल सपोर्ट दिया था।

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Delhi Blast - फोटो : पीटीआई
एनआईए पूछताछ के लिए शाहीन को फरीदाबाद ले गई
दिल्ली में आतंकवादियों द्वारा किए गए कार बम विस्फोट की चल रही जांच में, राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने एक गिरफ्तार आरोपी, लखनऊ (यूपी) की डॉ. शाहीन सईद को मौके पर पूछताछ के लिए फरीदाबाद ले गई। वह इस मामले के सात आरोपियों में शामिल है। 20 नवंबर को, एजेंसी ने डॉ. शाहीन को पुलवामा (जम्मू और कश्मीर) के डॉ. मुजम्मिल शकील गनई, अनंतनाग (जम्मू और कश्मीर) के डॉ. अदील अहमद राथर और शोपियां (जम्मू और कश्मीर) के मुफ्ती इरफान अहमद वागे के साथ गिरफ्तार किया था। पटियाला हाउस कोर्ट में जिला सत्र न्यायाधीश के आदेश पर श्रीनगर में एनआईए ने उन्हें हिरासत में लिया। इन सभी ने 10 नवंबर को लाल किले के पास हुए आतंकी हमले में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी, जिसमें कई निर्दोष लोग मारे गए थे और कई अन्य घायल हुए थे।
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