दिल्ली-एनसीआर की प्रदूषित हवा ने हजारों लोगों को अपनी सुबह की सैर और व्यायाम करने से रोक दिया है। दिल्ली के एक पत्रकार शुभोमय सिकदर ने बताया कि प्रदूषण के कारण उनके गले में खराश हो गई है और उन्हें रोजाना खेलों का सत्र मिस करना पड़ता है।
जैसे-जैसे दिल्ली में प्रदूषण बढ़ रहा है चेहरों पर मास्क की संख्या बढ़ती जा रही है। जंगपुरा के रहने वाले अमनप्रीत सिंह कहते हैं कि वह सुबह और शाम की सैर छोड़कर घर में रहना ज्यादा उचित समझ रहे हैं।
शुक्रवार सुबह 8 बजे दिल्ली का प्रदूषण स्तर 459 दर्ज किया गया जो गुरुवार को इसी समय पर 410 था। यह साफ दिखाता है कि गुरुवार के मुकाबले पूरी दिल्ली की औसत वायु गुणवत्ता शुक्रवार को और खराब हुई है।
पूरी दिल्ली में कुल 37 वायु गुणवत्ता मॉनिटर स्टेशन हैं जिनके आंकड़ों का औसत बताता है कि शुक्रवार को दिल्ली की हवा गंभीर स्तर पर है और कहीं-कहीं यह इमरजेंसी स्तर तक पहुंच गई है।
बवाना शुक्रवार को भी सबसे अधिक प्रदूषित रहा। यहां वायु गुणवत्ता 497 रही। वहीं डीटीयू के पास वायु गुणवत्ता का स्तर 487, वजीरपुर में 485, आनंद विहार में 484 और विवेक विहार में 482 दर्ज किया गया।