deepika padukone
- फोटो : अमर उजाला
इस दौरान दीपिका पादुकोण ने कहा, हम देश में मानसिक स्वास्थ्य को लेकर बेहतर समझदारी विकसित करने का निरंतर प्रयास कर रहे हैं। रिसर्च बताती है कि उत्तर दाताओं में से एक चौथाई ही मदद को तैयार रहते हैं, जबकि बाकी मानसिक रोगियों के बारे में कुछ भी धारणा बना लेते हैं या फिर उनसे डरते हैं। फाउंडेशन की अध्यक्षा ऐना चैंडी ने कहा कि बड़े शहरों में अधिक जानकारी और रोजगार संबंधी अवसरों के कारण अधिक से अधिक लोग व परिवार अकेले हैं। हालांकि, कानपुर और पटना जैसे शहरों में उनकी सामूहिक जड़ें कायम हैं। वहां एकल परिवारों का चलन कम है।