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एशियन गेम्स 2018: शूटिंग में सिल्वर मेडल जीतने वाले दीपक के बारे में ये 5 बातें नहीं जानते होंगे आप

Mon, 20 Aug 2018 03:10 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
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depak kumar
18वें एशियन गेम्स के दूसरे दिन भारत को शूटिंग में सिल्वर मेडल दिलाकर देश को गर्व का अनुभव कराने वाले शूटर दीपक कुमार दिल्ली के रहने वाले हैं। दीपक ने 10 मीटर राइफल इवेंट में यह कीर्तिमान किया। दीपक का यह अब तक का पर्सनल बेस्ट प्रदर्शन है। यह उनके लिए एक बड़ा मेडल भी है। इस इवेंट में चीन के यांग होरान ने 249.1 स्कोर करते हुए गोल्ड जीता। बता दें कि एशियाई गेम्स की शुरुआत में मेडल जीतने की लाइन में दीपक कहीं नहीं थे। किसी ने भी उम्मीद नहीं की थी कि वह सिल्वर मेडल जीतेंगे। जानिए दीपक के बारे में 5 ऐसी ही खास बातें जो अब तक नहीं जानते होंगे आप।
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depak kumar - फोटो : pti
दीपक ने सिंगल्स में यह सबसे बड़ा मेडल जीता है। इससे पहले दिल्ली के दीपक ने इसी साल हुए विश्व कप में मिक्स टीम इवेंट में मेहुली घोष के साथ गोल्ड जीता था। दीपक ने फाइनल राउंड में परफेक्ट 10.9 स्कोर कर रवि को पछाड़ा फिर ताइपे के शूटर को पछाड़ कर 10.8 स्कोर कर सिल्वर मेडल जीता।
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depak kumar - फोटो : pti
दीपक बताते हैं कि वह संस्कृत में एक्सपर्ट हैं। उनकी शिक्षा गुरुकुल में ही हुई है। दीपक हमेशा यही कोशिश करते हैं कि जो उन्होंने गुरुकुल में सीखा है वो सब में बांटें।

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depak kumar - फोटो : pti
दीपक बताते हैं कि उनके पिता ने उन्हें देहरादून के गुरुकुल में पढ़ने के लिए भेज दिया था। क्योंकि वह नहीं चाहते थे कि उनके बेटे पर शहर आबोहवा का असर पड़े। दीपक ने उसी गुरुकुल में शूटिंग भी सीखी। इसके बारे में दीपक ने सिल्वर मेडल जीतने के बाद बताया। उन्होंने कहा कि सब लोग सोचते हैं कि उन्हें क्या मिलेगा। लेकिन मैं वो सब बांटने में यकीन रखता हूं जो मैंने अपने गुरुकुल से सीखा है। आखिरकार जो आपके हिस्से में होता है वो आपको मिलता ही है। जिंदगी बहुत छोटी है तो किसी भी चीज के बारे में दुखी होने का कोई फायदा नहीं है।
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depak kumar - फोटो : pti
दीपक कहते हैं मैं जो कुछ भी हूं अपने गुरुकुल की वजह से हूं। यहां मुझे जिंदगी का सही मतलब पता चला है। यहीं मैंने शूटिंग भी सीखा।
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depak kumar - फोटो : pti
दीपक ने बताया कि उन्होंने शूटिंग की शुरुआत 2004 में की थी। वह इस मेडल को शुरुआत के रूप में देखते हैं।  अपनी जीत के बाद दीपक ने अपने दोस्त रवि के बारे में दार्शनिक अंदाज में कहा, जब हम शूटिंग कर रहे होते हैं तो हम किसी चीज के बारे में नहीं सोचते। हम गहरे दोस्त हैं और एक साथ बहुत सारा समय बिताते हैं। लेकिन यह हर एक का अपना खेल है।
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