आरुषि-हेमराज हत्याकांड में बृहस्पतिवार(12 अक्टूबर) को इलाहाबाद हाईकोर्ट के फैसले ने इस मामले को और उलझा दिया है। कोर्ट ने आरुषि के माता-पिता को उनके खिलाफ सबूतों के अभाव में रिहा कर दिया है। लेकिन कोर्ट के इस फैसले से यह सवाल जरूर अनसुलझा रह गया है कि आरुषि और हेमराज की हत्या आखिर की किसने। अपने इस बड़े फैसले को सुनाते हुए हाईकोर्ट ने सीबीआई की जांच शैली पर बहुत से सवाल खड़े किए और उसे कड़ी फटकार भी लगाई। पढ़िए कोर्ट ने सीबीआई से क्या-क्या कहा-
विज्ञापन
2 of 6
arushi talwar
कोर्ट ने कहा कि सीबीआई की जांच में कई तरह की खामियां हैं। तलवार दंपति के खिलाफ सीबीआई के पास एक भी ठोस सबूत नहीं है।
विज्ञापन
3 of 6
arushi murder case
तलवार दंपति के पास से ना कोई हथियार मिला है ना ही हत्या करने की वजह सामने आ पाई है।
4 of 6
arushi murder case
कोर्ट ने ये भी कहा कि एजेंसी ने केवल आकस्मिक सबूतों पर केस बना दिया।
विज्ञापन
5 of 6
arushi murder case
हाईकोर्ट ने अपना फैसला सुनाते हुए यह भी कहा कि इस तरह के मामलों में तो सुप्रीम कोर्ट भी इतनी कड़ी सजा नहीं देता है।