पुलिस इसकी जांच में जुटी है। पुलिस का कहना है कि पूछताछ में फर्जी डॉक्टर ने इस तरह दवाइयों के नाम सुना डाले, जैसे मानों वह कई वर्षों से प्रैक्टिस कर रहा हो। रविवार को एम्स में मैराथन का आयोजन था, जिसमें अदनान खुर्रम को शक के आधार पर पकड़ा था। डॉक्टरों ने जब उससे पूछताछ की, तो पता चला कि ये छह महीने से वहां घूम रहा है। कई डॉक्टरों से उसकी दोस्ती है, लेकिन ये किस विभाग का है, इसके बारे में कोई नहीं जानता। अदनान को सोशल मीडिया का बहुत शौक है।