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करवाचौथ 2018: सालों बाद बन रहे तीन अद्भुत संयोग, अखंड सौभाग्य के लिए सुहागिनें जरूर करें ये काम

Fri, 26 Oct 2018 09:01 AM IST
न्यूज डेस्क/अमर उजाला, देहरादून
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करवाचौथ
करवा चौथ इस बार शनिवार यानी 27 अक्टूबर को मनाया जा रहा है। इसी दिन इसी दिन संकष्टी गणेश चतुर्थी होने से ये पर्व और भी शुभ हो गया है। ज्योतिषाचार्यों की मानें तो इस दिन तीन अद्भुत योग बन रहे हैं, जिससे यह पर्व सुहागिनों के लिए और भी ज्यादा खास बनने जा रहा है। ग्रहों का ऐसा संयोग 11 साल बाद बन रह है। इससे पहले 29 अक्टूबर 2007 को ऐसा हुआ था इसलिए इस दिन सुहागिनों को ये काम जरूर करने चाहिए। 
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karva - फोटो : अमर उजाला
ज्योतिषाचार्य पंडित संतराम के अनुसार इस बार करवा चौथ पर राजयोग बन रहा है। इसके साथ ही सर्वार्थसिद्धि और अमृतसिद्धि योग भी बन रहे हैं। इन तीन बड़े शुभ योगों के कारण व्रत और पूजा के लिए दिन और खास हो जाएगा।  27 अक्टूबर को चंद्र दर्शन रात करीब 7 बजकर 55 मिनट पर होंगे। शुक्र अस्त होने के कारण इस वर्ष करवाचौथ व्रत का उद्यापन नहीं होगा।
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Karva Chauth
करवाचौथ के दिन विवाहित महिलाओं के लिए 16 श्रृंगार को महत्वपूर्ण माना गया है। इसके बाद शाम को चांद की पूजा करने के बाद महिलाएं पति के हाथ से जल ग्रहण करने के बाद ही व्रत पूर्ण करना चाहिए। लेकिन करवा चौथ के भी कुछ नियम हैं। अगर इनका ध्यान न रखा जाए तो व्रत का पूरा फल प्राप्त नहीं होता है।

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rangoli
सुहागिनों को सुबह जल्दी उठकर घर में सफाई करनी चाहिए और पूजन करना चाहिए। इसके लिए सबसे पहले घर के बाहर रंगोली बनाएं। पूरे घर में गौमूत्र का छिड़काव करें। इसके बाद गंगाजल और ताजा दूध मिलाकर पूरे घर में पीले फूल से छिड़काव करें। 
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karva chauth - फोटो : rajeev gupta amarujala dehradun
मंदिर में चौथ माता के साथ श्रीगणेशजी की प्रतिमा स्थापित करें। शाम को भगवान गणेश की पूजा करें और उनकों लड्डूओं का भोग लगाएं। इसके बाद भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा करें और फिर करवा चौथ माता का पूजन करें। ध्यान रहे इस समय पूरा श्रृंगार करें। 
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करवाचौथ
पूजन के समय एक मिट्टी का करवा पानी से भरें। इस करवे में नोब जरूर होनी चाहिए। इसमें पानी और चांदी का सिक्का रखें। करवे को मिट्टी के दीपक से ढंक कर उस पर चीनी रखें। फिर उसकी पूजा करें। साथ ही में खाना और कपड़े भी पानी से पूजें और इसे अपने से बड़े जैसे सास ससुर या जेठानी या ननद को दें। इसमें दक्षिणा जरूर रखें। 
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