ज्योतिषाचार्य पीयूष भटनागर और संदीप भारद्वाज शास्त्री के मुताबिक, वर्तमान ग्रह गोचर में शनि और गुरु मकर राशि में गोचरस्थ है। इससे पहले वर्ष 1963 में पंचांग के पांच अंग एक जैसे थे। इसी तरह, इस बार अमावस्या तिथि, जेष्ठा नक्षत्र, शूल योग, चतुष्पद करण, वृश्चिक राशि का चंद्रमा अपने आप में विशिष्ट हैं।