द्वारका एंव ज्योतिषपीठ के शंकराचार्य स्वरूपानंद सरस्वती ने सीमा पर मारे जा रहे जवानों की मौत पर दुःख जताते हुए कहा कि जब सीमा पर जवान ही सुरक्षित नहीं तो विकास क्या होगा। यदि इसी प्रकार सीमा पर जवान शहीद होते रहे तो सीमा पर ड्यूटी करने जवान क्यों जायेगा।
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अगर शहीद होते रहे तो सीमा पर ड्यूटी करने क्यों जाएंगे जवान: शंकराचार्य
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स्वरूपानंद के साथ पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत
स्वरूपानंद सरस्वती ने कहा कि हरिद्वार में 25 जून की अमित शाह की रैली में भीड़ धनबल से जुटाई गई थी। शंकराचार्य ने कहा कि ट्रकों में जानवरों की तरह ठूस-ठूस कर रैली में लोग लाए गए थे।
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अगर शहीद होते रहे तो सीमा पर ड्यूटी करने क्यों जाएंगे जवान: शंकराचार्य
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स्वामी स्वरूपानंद
- फोटो : ANI
उन्होंने कहा कि कि आरएसएस श्रीराम को आराध्य नहीं बल्कि आदर्श पुरुष मानता है। आदर्श पुरुषों का सरकारी कार्यालयों और स्कूलो में चित्र लगाया जाता है तो अब केंद्र में उनकी सरकार है राम का चित्र स्कूलों में क्यों नहीं लगवाते हैं।
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शंकराचार्य स्वरूपानंद
- फोटो : AmarUjala
शंकराचार्य ने कहा कि चारधाम यात्रा मार्ग बिल्कुल सही है। कुछ चैनल वाले दिखा रहे हैं कि रास्ते टूटे हैं लेकिन सबकुछ सही है।
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स्वामी स्वरूपानंद
यदि प्रकृति के कारण कही क्षति या कुछ टूट जाता है तो उसकी मरम्मत कर दी जाती है। उन्होंने अधिक से अधिक लोगों को चारधाम यात्रा में आने के लिए कहा।
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शंकराचार्य स्वरूपानंद सरस्वती
- फोटो : pti
उन्होंने प्रधानमंत्री से सीमा पर सुरक्षा और नियम सख्त बनाने को कहा। उन्होंने एनएसजी में मान्यता न मिलने के सवाल पर कहा कि पूरे देश की जनता को प्रयास करने चाहिए।