मां गंगा के बुलावे से चुनाव अभियान की शुरुआत करने वाले पीएम मोदी ने गंगा की स्वच्छता को मिशन बनाया तो उस मिशन को जमीन धर्मनगरी हरिद्वार में मोक्षदायिनी गंगा के तट पर मिली।
विज्ञापन
2 of 7
namami gange mission
- फोटो : अमरउजाला
गंगा को साफ रखने के लिए नमामि गंगे परियोजना के तहत 1500 करोड़ से उत्तराखंड में 250 करोड़ की लागत की 43 योजनाओं का शिलान्यास बृहस्पतिवार को हरिद्वार में किया गया।
विज्ञापन
3 of 7
namami gange mission
- फोटो : अमरउजाला
इस परियोजना के तहत उत्तराखंड के उत्तरकाशी, गंगोत्री, यमुनोत्री, श्रीनगर, देवप्रयाग, रुद्रप्रयाग, केदारनाथ, बदरीनाथ में गंगा सफाई के लिए काम होगा।
4 of 7
namami gange mission
- फोटो : अमरउजाला
इस मौके पर केंद्रीय जल संसाधन, नदी विकास और गंगा सफाई मंत्री उमा भारती ने दावा कि अक्तूबर 2016 से गंगा सफाई का असर दिखाई देगा।
विज्ञापन
5 of 7
namami gange mission
- फोटो : अमरउजाला
केंद्रीय जल संसाधन मंत्री उमा भारती ने कहा कि गंगा की निर्मलता और अविरलता के लिए मदन मोहन मालवीय के अभियान के पूरे 100 साल बाद अभियान शुरू हुआ है।
विज्ञापन
6 of 7
कुंवर प्रणव
- फोटो : अमरउजाला
उन्होंने कहा कि अक्तूबर-2016 तक नमामि गंगे योजना के परिणाम दिखाई देने लगेंगे। वर्ष 2018 तक गंगा निर्मल हो जाएगी।
उन्होंने कहा कि पूर्व में विफल हुए प्रोजेक्ट से सीख लेते हुए इस बार केंद्रीय मद् आधारित प्लान तैयार किया है। पूरे कार्य की मॉनिटरिंग होगी। पर्यटन मंत्री महेश शर्मा ने कहा कि गंगा में जलपोत और पर्यटन का बड़ा महत्व है।