कुमाऊं में बारिश की रफ्तार थम जाने से लोगों को कुछ राहत तो मिली लेकिन लोगों की मुसीबतें कम नहीं हुई हैं। कुमाऊं में 59 आंतरिक मार्गों पर अभी तक यातायात बहाल नहीं हो सका है। हालांकि 21 सड़कें खोली जा चुकी हैं। भवाली-अल्मोड़ा राष्ट्रीय राजमार्ग पर खैरना से काकड़ीघाट के बीच वाहनों की आवाजाही मौसम के मिजाज पर निर्भर है।
विज्ञापन
2 of 5
landslide
यदि मौसम साफ रहा तो इस मार्ग पर वाहनों की आवाजाही शुरू करा दी जाएगी और यदि मौसम खराब रहा तो एनएच से अल्मोड़ा की ओर जाने वाले वाहन पहले की तरह वाया रामगढ़, क्वारब होते हुए गुजरेंगे। कोश्या कुटौली के जिलाधिकारी प्रमोद कुमार ने शनिवार को मार्ग का निरीक्षण करने के बाद यह जानकारी दी।
विज्ञापन
3 of 5
landslide
नैनीताल जेले में नैनीताल-भवाली मोटर मार्ग में टूटा पहाड़ के पास मलबा आने का क्रम जारी है। बनकोट- चडियूला, देवीपूरा -सौड़ समेत 12 ग्रामीण मोटर मार्ग अब तक बंद हैं। बागेश्वर जिले में कपकोट-पिंडारी सहित जिले की नौ सड़कें अभी भी बंद हैं तो कठपुडियाछीना-शेराघाट समेत करीब तीन सड़कें खोल दी गई हैं।
4 of 5
landslide
पिथौरागढ़-तवाघाट एनएच पर खिरचना के पास मलबा और पत्थर गिरने से यातायात तीन घंटे तक बंद रहा। इस सड़क पर दोनों तरफ से कई वाहन फंसे रहे। थल-मुनस्यारी मार्ग पर छोटे वाहन चलने लगे हैं। तेजम-शामा समेत पांच अन्य मार्गों पर भी यातायात बहाल हो गया है।
पिथौरागढ़ जिले के 19 आंतरिक मार्ग अब भी बंद हैं। चंपावत जिले में मंच-नीड़, बगोटी-डुंगरालेटी समेत 14 सड़कें अब भी बंद हैं। टनकपुर-पिथौरागढ़ राष्ट्रीय राजमार्ग पर सुबह से ही वाहनों के आवागमन का सिलसिला जारी रहा।