मकर संक्रांति के दिन स्नान और दान करने से अनोखा वरदान मिलता है। आइए जानते हैं संक्रांति स्नान के अद्भुत लाभ...
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ganga snan
मकर संक्रांति को सूर्य उत्तरायण होने पर गंगा में स्नान और दान का पर्व है। सूर्य का मकर राशि में प्रवेश करना मकर संक्रांति कहलाता है। ब्रह्म मुहूर्त से गंगा स्नान और पूजन करने से मनुष्य पुण्य का भागी बनता हैं।
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snan
मकर संक्रांति का महत्व बताते हुए पंडित गंगा दत्त ने कहा कि पुण्य पवित्र पर्व पर स्नान एवं दान करना सौ गुना फलदायक होता है।
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somwati amawasya snan
- फोटो : अमरउजाला
जो मनुष्य श्रद्धा व भक्ति से मकर संक्रांति के पावन पर्व पर गंगा में स्नान-ध्यान करता हैं वह मोक्ष को प्राप्त होता है।
उन्होंने कहा कि शास्त्रों के अनुसार उत्तरायण को देवताओं का दिन कहा जाता है। इस दिन गंगा में स्नान के बाद पूजा-अर्चना करने के बाद दान का महत्व हैं इस पर्व पर कृत, तिल, कंबल, खिचड़ी दान का विशेष महत्व है।