भोलेनाथ के महा पर्व महाशिवरात्रि के मौके पर अगर आप अपनी राशि के अनुसान पूजा करेंगे तो पूरा साल आपके लिए शुभ साबित होगा।
विज्ञापन
2 of 9
शिवरात्रि पर जलाभिषेक करते श्रद्घालु
- फोटो : Amar Ujala
पंडित आशुतोष ममगाई ने बताया कि महाशिवरात्रि के दिन भक्त सुबह जल्दी उठकर स्नान आदि के बाद मंदिर जाकर भगवान शिव की पूजा करते हैं। दर्शन करने यह प्रक्रिया दोपहर तक चलती है और उसके बाद मंदिर के कपाट बंद कर दिए जाते हैं। शाम को एक बार फिर दर्शन के लिए मंदिर के कपाट खोले जाते हैं। इस मौके पर मंदिरों में भगवान शिव की मूर्तियों का दूध, गुलाब जल, चंदन, दही, शहद, चीनी और पानी आदि से अभिषेक किया जाता है।
विज्ञापन
3 of 9
महाशिवरात्रि
महाशिवरात्रि पर शिवलिंग पर बिल्वपत्र, बेलपत्र का फल और धतूरा चढ़ाया जाता है। महाशिवरात्रि पर व्रत भी रखा जाता है और इस दौरान पूरा दिन भक्त अन्न का सेवन नहीं करते। हालांकि एक विधि के तहत कुछ भक्त रात्रि में पूजन से पहले सांयकाल में भोजन कर लेते हैं।
4 of 9
जौनपुर के उर्दू बाजार स्थित शिव मंदिर में महाशिवरात्रि पर सोमवार को दर्शन-पूजन के लिए उमड़ी भीड़।
मेष : रक्तपुष्प से पूजन करें तथा अभिषेक शहद से करें। 'ॐ नम: शिवाय' का जप करें।
वृषभ: श्वेत पुष्प तथा दुग्ध से पूजन-अभिषेक करें। महामृत्युंजय का मंत्र जपें।
विज्ञापन
5 of 9
राजधानी में रही महाशिवरात्रि पर्व की धूम
- फोटो : अमर उजाला
मिथुन : अर्क, धतूरा तथा दुग्ध से पूजन-अभिषेक करें। शिव चालीसा पढ़ें।
कर्क : श्वेत कमल, पुष्प तथा दुग्ध से पूजन-अभिषेक करें। शिवाष्टक पढ़ें।
विज्ञापन
6 of 9
शिवरात्रि पर मंदिरों में पूजा-अर्चना
- फोटो : Amar Ujala
सिंह : रक्त पुष्प तथा पंचामृत से पूजन-अभिषेक करें। शिव महम्नि स्त्रोत पढ़ें।
कन्या : हरित पुष्प, भांग तथा सुगंधित तेल से पूजन-अभिषेक करें। शिव पुराण में वर्णित कथा का वाचन करें।
विज्ञापन
7 of 9
पूरे दिन चला दुग्धाभिषेक व रुद्राभिषेक का सिलसिला
- फोटो : rajesh kumar
तुला : श्वेत पुष्प तथा दुग्ध धारा से पूजन-अभिषेक करें। महाकाल सहस्त्रनाम पढ़ें।
वृश्चिक : रक्त पुष्प तथा सरसों तेल से पूजन-अभिषेक करें। शिव जी के १०८ नामों का स्मरण करें।
8 of 9
हर हर महादेव
- फोटो : अमर उजाला
धनु : पीले पुष्प तथा सरसों तेल से पूजन-अभिषेक करें। 12 ज्योतर्लिंग का स्मरण करें।
मकर :नीले-काले पुष्प तथा गंगाजल से पूजन-अभिषेक करें। शिव पंचाक्षर मंत्र का जप करें।
महाशिवरात्रि पर शिवलिंग पर चढ़ता दूध
- फोटो : amar ujala
कुंभ :जामुनिया-नीले पुष्प तथा जल से पूजन-अभिषेक करें। शिव षडाक्षर मंत्र का 11 बार स्मरण करें।
मीन : पीले पुष्प तथा मीठे जल से पूजन-अभिषेक करें। रावण रचित शिव तांडव का पाठ करें।