इन्स्योरेंश
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यह बीमा दो तरह का होता है, जिसमें एक कंपनी की ओर से, जबकि दूसरा उपभोक्ता की ओर से होता है। थर्ड पार्टी इंश्योरेंस भी दिया जाता है। एजेंसी को भी हर उपभोक्ता का थर्ड पार्टी इंश्योरेंस कराना होता है। हादसे में होने वाले नुकसान के आधार पर बीमा का भुगतान किया जाता है।