श्री झंडेजी मेले में देश-विदेश से संगत बड़ी संख्या में श्री दरबार साहिब पहुंच रही हैं। शुक्रवार को दरबार साहिब में पहुंचीं संगतों को महंत देवेंद्र दास महाराज ने श्री गुरु राम राय महाराज के बताए रास्ते पर चलने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने गुरु राम राय महाराज के जीवन से जुड़े संस्मरण भी साझा किए।
वहीं, महिलाएं सुबह से ही गिलाफ सिलाई के काम में जुटी थीं। श्री गुरु राम राय महाराज के जयकारों व भजनों के साथ गिलाफ सिलने का काम देर शाम तक पूरा कर लिया गया। श्री झंडेजी पर तीन तरह के गिलाफों का आवरण होता है। सबसे भीतर की ओर सादे गिलाफ चढ़ाए जाते हैं।
इनकी संख्या 41 होती है। मध्यभाग में शनील के गिलाफ चढ़ाए जाते हैं, इनकी संख्या 21 होती है। सबसे बाहर की ओर दर्शनी गिलाफ चढ़ाया जाता है। इसकी संख्या एक होती है। इस वर्ष जालंधर के संसार सिंह के परिवार को दर्शनी गिलाफ चढ़ाने का सौभाग्य प्राप्त हुआ है।