उत्तराखंड के सबसे ऊंचाई वाले और कुमाऊं के आखिरी मतदान केंद्र नामिक को प्रकृति ने शायद वह सब कुछ दिया, जो उसके पास है।
विज्ञापन
देखिए, तीसरी दुनिया के पोलिंग स्टेशन की तस्वीर
2 of 7
समुद्र तल से 2700 मीटर की ऊंचाई पर बसे इस गांव के सिर पर हिमालय की छत, रंग-बिरंगे फूल स्वर्ग की अनुभूति कराते हैं।
विज्ञापन
देखिए, तीसरी दुनिया के पोलिंग स्टेशन की तस्वीर
3 of 7
दूसरी तरफ अक्तूबर से मार्च तक बर्फ से ढंके रहने वाले इस गांव में दुश्वारियां भी कम नहीं है। नामिक गांव पहुंचने के लिए 27 किलोमीटर पैदल यात्रा करनी पड़ती है।
देखिए, तीसरी दुनिया के पोलिंग स्टेशन की तस्वीर
4 of 7
नामिक के रास्ते में शेरसुअरी धार में बर्फ से चलकर जाती अमर उजाला की टीम।
विज्ञापन
देखिए, तीसरी दुनिया के पोलिंग स्टेशन की तस्वीर
5 of 7
नामिक गांव में अखबार तीसरे दिन पहुंचता है। खास बात यह भी है कि नामिक में अमर उजाला के अलावा कोई और अखबार पहुंचता ही नहीं।
विज्ञापन
देखिए, तीसरी दुनिया के पोलिंग स्टेशन की तस्वीर
6 of 7
आजादी के बाद से अब तक मात्र दो महिलाओं के प्रसव सरकारी अस्पताल में हुए हैं।