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Heavy Rain In Chamoli: भारी बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त, घरों में घुसा मलबा, 50 गांवों की आवाजाही हुई ठप

Fri, 26 Jul 2024 02:31 PM IST
रेनू सकलानी संवाद न्यूज एजेंसी, चमोली (गोपेश्वर)

सार

नंदानगर के बांसवाड़ा गांव में घरों में मलबा घुस गया। जबकि कुछ भवन क्षतिग्रस्त हो गए।वहीं नंदानगर सड़क 10 मीटर बह गई।
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कर्णप्रयाग में घरों में घुसा मलबा - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
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विस्तार
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गोपेश्वर नंदानगर के बांसवाड़ा में भारी बारिश से कई घरों में मलबा घुसा गया है, जबकि गौशालाएं भी क्षतिग्रस्त हुई हैं। नंदप्रयाग-नंदानगर मोटर मार्ग भी कांडई पुल के पास करीब 10 मीटर तक बह गई है। जिससे नंदानगर विकास खंड के 50 से अधिक गांवों का अन्य क्षेत्र से संपर्क कट गया है।

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जिला आपदा प्रबंधन को अनुसार, बांसवाड़ा में एक भवन में मलबा घुसा है, जबकि दो भवनों के आंगन क्षतिग्रस्त हुए हैं। एक गौशाला पूर्ण रुप से क्षतिग्रस्त हुई है, जबकि दो गौशालाओं में मलबा घुसा है। यहां कोई जनहानि व पशुहानि नहीं है। नंदानगर क्षेत्र में 28 एमएम बारिश रिकॉर्ड की गई है।

चमोली तहसील क्षेत्र के अंतर्गत 109 एमएम बारिश रिकॉर्ड की गई है। जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नंद किशोर जोशी ने भारी बारिश से गांवों में नुकसान की बात कही है। वहीं, गोपेश्वर के समीप कोठियालसैंण के बुराली तोक में रात को हुई भारी बारिश के बीच पांच घरों में मलबा घुसा है। घरों को नुकसान हुआ है।

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हाईवे को वाहनों की आवाजाही के लिए खोला गया
बुराली गांव गांव चार मकानों को आंशिक क्षति पहुंची है। जनपद में सुबह दस बजे तक बदरीनाथ हाईवे भी जगह-जगह मलबा आने से बंद रहा। सुबह 10 बजे तक हाईवे को वाहनों की आवाजाही के लिए सुचारु कर लिया गया है।

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उधर कर्णप्रयाग में मूसलधार बारिश से ग्राम पंचायत डिम्मर के माखोली गांव मे एक भवन क्षतिग्रस्त हो गया है। माखोली गांव के योगेंद्र प्रसाद डिमरी ने बताया कि विगत रात्रि को हुई भारी बारिश से लगभग 12 बजे उनका पौराणिक भवन क्षतिग्रस्त हो गया है।
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मुआवजे की मांग
बताया कि जिन कमरों मे उनका परिवार सोया था, वहां पहले बारिश का अत्यधिक पानी आने से वे घर से बाहर आंगन मे आ गए थे। जैसे ही उनका पूरा परिवार बाहर आया तो मकान भरभरा कर क्षतिग्रस्त हो गया और उनका दो बच्चे, पत्नी और स्वंय वे बाल-बाल बच गए। उन्होंने शासन-प्रशासन से क्षति का आंकलन कर मुआवजा देने की मांग की है। राजस्व उप निरीक्षक सिमली नीता सेमवाल ने बताया कि क्षतिग्रस्त भवन का आंकलन कर पीड़ित परिवार को मानकों के अनुरूप मुआवजा दिया जाऐगा। 
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