उत्तराखंड के पिथौरागढ़ में टांगा और धापा गांव के लोगों के जगन में कोरोना वायरस का खौफ अब दूर-दूर तक नहीं है, क्योंकि वे अतिवृष्टि और भूस्खलन के रूप में कुदरत के दिए गहरे जख्मों से सदमे में हैं। टांगा में 19 को बरसी आसमानी बारिश से जमींदोज घरों के मलबे से नौ शव निकाले जा चुके हैं, अभी दो लोग लापता हैं। पूरी तरह तबाह हो चुके गांव के लोग भूस्खलन के भय से गांव के बाहर प्लास्टिक के टैंट में रात गुजार रहे हैं।