यहां एनएच की ओर से पिछले डेढ़ साल से अलकनंदा साइड से सुधारीकरण कार्य किया जा रहा है, लेकिन भूस्खलन वाली पहाड़ी पर कोई सुधारीकरण कार्य नहीं होने से यहां लगातार भूस्खलन हो रहा है। हाल की बारिश से लामबगड़ चट्टान के शीर्ष भाग में दरार पड़ गई हैं, इस स्थिति में पहाड़ी का बड़ा हिस्सा दरक कर कभी भी हाईवे पर आ सकता है।