cheteshwar pujara
हॉज ने कहा, 'पुजारा ने दोनों टीमों के बीच अंतर पैदा किया। दोनों टीमों की गेंदबाजी मजबूत है। पर्थ में पहले सत्र को छोड़कर और मेलबर्न में मयंक अग्रवाल को छोड़कर सभी सलामी बल्लेबाज जूझते दिखे। तीसरे नंबर की बल्लेबाजी काफी महत्वपूर्ण थी। पुजारा ने अपना विकेट सस्ते में नहीं गंवाया और एक मोर्चा संभाले रखा।'