फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

पढ़ें...ड्राइवर खट्टा सिंह का एक और कबूलनामा, राम रहीम का एक बड़ा राज उगला

Sat, 12 May 2018 09:55 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, पंचकूला(हरियाणा)
विज्ञापन
1 of 6
राम रहीम
जेल में सजा काट रहे राम रहीम के 'करीबी' ड्राइवर खट्टा सिंह ने बाबा और डेरा सच्चा सौदा का एक और राज खोल दिया है, पढ़ें कबूलनामा।
विज्ञापन

2 of 6
खट्टा सिंह - फोटो : SELF
दरअसल, डेरे के पूर्व प्रबंधक रंजीत सिंह की हत्या के मामले में अहम गवाह और डेरा प्रमुख के पूर्व ड्राइवर खट्टा सिंह ने विशेष सीबीआई अदालत में अपने बयान दर्ज कराए। खट्टा सिंह ने बताया कि राम रहीम ने ही रंजीत सिंह की हत्या के आदेश दिए थे। डेरे में साध्वियों के साथ होने वाले यौन शोषण की सच्चाई सामने न आए, इसी डर से रंजीत सिंह की हत्या का फरमान जारी किया गया था।
विज्ञापन

3 of 6
राम रहीम और खट्टा सिंह
रंजीत सिंह को मारने से पहले मामले के आरोपियों के साथ डेरा प्रमुख की बैठक भी हुई थी, जिसमें रंजीत सिंह पर माफी मांगने का दबाव बनाया गया था। लेकिन रंजीत सिंह ने माफी मांगने से इंकार कर दिया। इसके कुछ दिन बाद ही उनकी हत्या कर दी गई। साध्वियों से डेरे में उस वक्त होने वाले यौन शोषण के मामले को लेकर जगह-जगह गुमनाम चिट्ठी भेजने के पीछे रंजीत सिंह का हाथ होने का शक था।

4 of 6
राम रहीम
राम रहीम को इस बात का भी शक था रंजीत सिंह ने अपनी बहन से ही गुमनाम चिट्ठी लिखवाई थी। खट्टा सिंह ने अपने बयान में कहा कि राम रहीम ने मेरे सामने 16 जून, 2002 को रंजीत सिंह को मारने के आदेश दिए थे। देर रात डेरा प्रमुख ने डेरा की गुफा में इस मामले में आरोपी कृष्ण लाल, अवतार सिंह, इंद्रसेन, दर्शन सिंह, जसवीर सिंह और सबदिल के साथ बैठक की थी।
विज्ञापन

5 of 6
राम रहीम - फोटो : self
इस बैठक के बाद 10 जुलाई, 2002 को पूर्व प्रबंधक रंजीत सिंह की हत्या करवा दी गई। बता दें कि खट्टा सिंह ने सीबीआई की अदालत में हाल ही में पत्रकार रामचंद्र छत्रपति की हत्या मामले में भी गवाही दी थी। अब रंजीत सिंह और रामचंद्र छत्रपति की हत्या में खट्टा सिंह की गवाही के बाद इस मामले की अगली सुनवाई 15 मई को होगी। हत्या के दोनों मामलों में खट्टा सिंह की गवाही को क्रॉस एग्जामिन किया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

6 of 6
राम रहीम
पत्रकार रामचंद्र छत्रपति हत्या मामले में खट्टा सिंह ने बड़ा खुलासा किया था। अदालत में अपने बयान में खटटा सिंह ने कहा कि 23 अक्तूबर को सत्संग से सिरसा लौटने पर राम रहीम ने पत्रकार रामचंद्र छत्रपति की हत्या के लिए कृष्ण लाल, निर्मल सिंह और कुलदीप को आदेश दिए थे। जैसे ही साध्वियों के यौन शोषण से संबंधित खबर कृष्ण ने डेरा प्रमुख को दिखाई, उसने मौत का फरमान जारी कर दिया।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें