Balbir Singh Senior
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मंजिलें भी जिद्दी हैं, रास्ते भी जिद्दी हैं...पर क्या करूं मैं और मेरे हौसले भी तो जिद्दी हैं। एक योद्धा की तरह जीने का जज्बा लिए ये लाइनें हॉकी लीजेंड बलबीर सिंह सीनियर ने अपने फेसबुक पर लिखी। वे पिछले 90 दिन से पीजीआई में एडमिट हैं। 31 दिसंबर को उन्होंने पीजीआई के स्टाफ के साथ अपना जन्मदिन और नए साल का जश्न मनाया।