फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

देखिए, बहनों की बहादुरी का आखिरी सच!

Thu, 04 Dec 2014 03:58 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, रोहतक
विज्ञापन
1 of 6
बस में बहनों द्वारा तीन लड़कों को पीटने के मामले में बस में यात्रा कर रहे तीन और लोग सामने आए, जिन्होंने शपथपत्र देकर लड़कों को निर्दोष बताया है। मामले की चश्मदीद एमडीयू की एमफिल स्टूडेंट सोनीपत निवासी सोनिया मित्तल ने कहा कि बस में छेड़खानी जैसी बात नहीं थी, महिला की सीट को लेकर विवाद हुआ था।
विज्ञापन

देखिए, बहनों की बहादुरी का आखिरी सच!

2 of 6
महिला आयोग की उपाध्यक्ष सुमन दहिया ने कहा कि बस में दो सगी बहनों के साथ हुई छेड़खानी के मामले में जांच चल रही है। यदि शिकायत झूठी मिली तो उनको जो सम्मान सरकार देगी, उसे वापस ले लिया जाएगा। फिलहाल वे सम्मान की हकदार हैं और दोनों को रोल मॉडल के रूप में पेश किया जाएगा। सुमन दहिया बुधवार को थाना खुर्द गांव में जाने से पहले रेस्ट हाउस में पत्रकारों से बातचीत कर रही थीं।

विज्ञापन

देखिए, बहनों की बहादुरी का आखिरी सच!

3 of 6
उन्होंने कहा कि दोनों बहनों ने तीनों लड़कों को छेड़खानी के बाद जिस निडरता से खदेड़ा है वह काबिले तारीफ है। इसके लिए वह सम्मान की हकदार हैं और उन्हें आगे भी सम्मानित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि पूरे प्रदेश के लिए छेड़खानी का मामला एक बड़ा मुद्दा है। लड़कियों की बहादुरी की वजह से ही अंतरराष्ट्रीय मीडिया ने दोनों बहनों को सराहा है।

देखिए, बहनों की बहादुरी का आखिरी सच!

4 of 6
वहीं महिला एवं बाल विकास मंत्री कविता जैन ने कहा कि आरती और पूजा ने आत्मसम्मान बचाने के लिए लड़कों की पिटाई की। इसके लिए वह बधाई की पात्र हैं। अन्य लड़कियों को भी इससे प्रेरणा लेनी चाहिए।  
बुधवार को कैबिनेट मंत्री कविता जैन आरती और पूजा के थाना खुर्द स्थित आवास पर पहुंचीं और दोनों लड़कियों को बधाई दी।
विज्ञापन

देखिए, बहनों की बहादुरी का आखिरी सच!

5 of 6
जबकि बस के परिचालक लाभ सिंह ने बताया कि वह बस में टिकट काटते हुए जब पूजा और आरती के पास पहुंचा तो दोनों ने कहा कि ये लड़के उनसे बदतमीजी कर रहे हैं। इस पर उन्होंने लड़कों से आराम से खड़े रहने को कहा और लड़कों का मुंह दूसरी तरफ करा दिया। इसके बाद पूजा से कहा कि अगर फिर से कुछ कहें तो उसे बताएं। इसके बाद वे बस के पिछले हिस्से में टिकट काटने चला गया। इसके बाद उन्हें बेल्ट चलती नजर आई।

विज्ञापन
विज्ञापन

देखिए, बहनों की बहादुरी का आखिरी सच!

6 of 6
वीडियो में बीच बचाव कर रहा पाकस्मा का युवक सामने आया और बताया कि बस में मैं एक सीट पर एक महिला के साथ बैठ गया। अचानक लड़कियों ने लड़के पर हमला बोल दिया। मैनें काफी बीच-बचाव भी किया, लेकिन लड़कियां नहीं मानीं। विवाद के बाद लड़का बस से नीचे उतरा और जाने लगा तो लड़कियों ने पीछे से पत्थर भी मारे। पाकस्मा मोड़ पर जब वह बस में बैठा तो माहौल शांत था। यहां एकदम मारपीट शुरू हुई।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें