मृतक मेहरम के परिजनों समेत शहरवासियों ने पुलिस की ढीली कार्यप्रणाली पर रविवार शाम घर से कैंडल मार्च निकाला। मार्च में बड़ी संख्या में फेज-नौ स्थित उनके घर के आसपास रहने वाले बच्चे, बुजुर्ग, महिलाएं और शहर की कई समाजसेवी संस्थाएं शामिल हुईं। इस दौरान हाथ में मेहरम की फोटो लिए चल रही उसकी नानी के आंसू थमने का नाम नहीं ले रहे थे।
विज्ञापन
मोमबत्तियां जलाकर मांगा मेहरम के लिए इंसाफ
2 of 6
कैंडल मार्च घर से शुरू होकर सीधे फेज-8 स्थित पुलिस स्टेशन तक गया। वहां पर सभी पुलिस स्टेशन के गेट के बाहर सड़क पर हाथों में मोमबतियां लेकर बैठ गए। वे बच्चे को इंसाफ दिलाने और आरोपियों को पकड़ने की गुहार लगा रहे थे। उस वक्त एसएसपी इंदरमोहन सिंह भी थाने में ही मौजूद थे, पर वे बाहर नहीं आए। उनकी जगह एसपी (एच) हरपाल सिंह संधू बाहर आए।
विज्ञापन
मोमबत्तियां जलाकर मांगा मेहरम के लिए इंसाफ
3 of 6
एसपी (एच) हरपाल सिंह संधू ने लोगों को भरोसा दिया कि पुलिस जल्द ही सभी आरोपियों को पकड़ लेगी। भरोसे के बाद सतनाम वाहेगुरु का जाप करते हुए लोग वहां से चले गए और कैंडल मार्च को गुरुद्वारा अंब साहिब जाकर संपन्न किया। कैंडल मार्च के दौरान रोष और गुस्से में भरे परिजनों ने फेज-8 पुलिस पर आरोप लगाया कि जिस दिन मेहरम का अपहरण हुआ था तो पुलिस ने उस दिन मामले को गंभीरता से क्यों नहीं लिया।
मोमबत्तियां जलाकर मांगा मेहरम के लिए इंसाफ
4 of 6
कैडल मार्च में आए परिजनों से एसपी संधू ने कहा कि इस मामले में आईजी स्तर तक कार्रवाई चल रही है। आरोपियों को पकड़ने के लिए एक टीम डीएसपी की, एसएचओ के अलावा सीआईए स्टाफ की टीम हर संभावनाओं पर जांच कर रही है। एसपी ने जल्द ही आरोपियों की गिरफ्तारी का आश्वासन दिया है।
विज्ञापन
मोमबत्तियां जलाकर मांगा मेहरम के लिए इंसाफ
5 of 6
28 अक्तूबर को फेज-9 से मेहरम का अपहरण उसके घर के बाहर से हुआ था। इसकी जानकारी परिजनों ने फेज-8 पुलिस थाने में दी। इसके बाद पुलिस अधिकारियों ने मामले को हल्के में लिया और थाना प्रभारी ने परिजनों को यह आश्वासन देकर घर भेज दिया कि बच्चा सुबह तक उनके पास होगा। इसके बाद मेहरम का शव जंगल में पाया गया।
कैंडल मार्च के दौरान रोष और गुस्से में भरे परिजनों ने फेज-8 पुलिस पर आरोप लगाया कि जिस दिन मेहरम का अपहरण हुआ था अगर पुलिस मामले को गंभीरता से लेती तो मेहरम जिंदा मिल जाता। एसपी संधू ने बताया कि इस मामले में जिस भी पुलिस अधिकारी की लापरवाही सामने आएगी तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।