हरियाणा में बेहद रोमांचक मुकाबला होने जा रहा है। भाजपा के सामने कांग्रेस ने अपने दिग्गजों को उतारकर कांटे की टक्कर कर दी है। रोहतक, करनाल के साथ ही सोनीपत, हिसार और अंबाला सीटों पर कड़ा मुकाबला है। सीएम बनने के बाद मनोहर लाल के नेतृत्व में पहला लोकसभा चुनाव है। पांचों नगर निगमों में जीत व जींद में पहली बार कमल खिलाने के कारण सीएम जहां जीत को लेकर पूरी तरह आश्वस्त हैं, वहीं पूर्व सीएम भूपेंद्र सिंह हुड्डा इस बार 2009 का इतिहास दोहराने का दावा कर रहे हैं।
जाट बनाम गैर जाट की लड़ाई में सिमटा चुनाव
रोहतक में तीन बार के सांसद और पूर्व सीएम भूपेंद्र सिंह हुड्डा के पुत्र व कांग्रेस प्रत्याशी दीपेंद्र हुड्डा की सीधी टक्कर पूर्व सांसद व भाजपा प्रत्यशी डॉ. अरविंद शर्मा से है। इस सीट पर लड़ाई जाट बनाम गैर जाट की चल रही है। भाजपा गैर जाट वोटों का ध्रुवीकरण कर पहली बार रोहतक का अभेद्य दुर्ग भेदने की कोशिश में जुटी है। यह सीट हुड्डा परिवार का गढ़ है। पूर्व सीएम भूपेंद्र हुड्डा यहां से चार बार, उनके पिता रणवीर हुड्डा दो बार और पुत्र दीपेंद्र तीन बार सांसद रह चुके। हुड्डा ने एक बार ही इनेलो के इंद्र सिंह से मात खाई थी। भाजपा और कांग्रेस ने जीत दर्ज करने के लिए पूरी ताकत झोंकी हुई है। कांग्रेस ने यहां प्रियंका गांधी का रोड शो कराया तो भाजपा ने पीएम नरेंद्र मोदी की रैली। भाजपा मोदी लहर के सहारे यहां जीत का दम भर रही है तो हुड्डा परिवार को अपने रसूख, समर्थक विधायकों और जनता पर विश्वास है।