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गनमैन ने SP को फोन मिलाया तो सुना 'सलाम आलेकुम'

Thu, 07 Jan 2016 10:15 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, पठानकोट(पंजाब)
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पठानकोट आतंकी हमले से पहले गुरदासपुर के एसपी की किडनैपिंग सवालों के घेरे के आने के कारण अब सामने आ रहे हैं। देखिए, ये रिपोर्ट।
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गनमैन ने SP को फोन मिलाया तो सुना 'सलाम आलेकुम'

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जब एसपी सलविंदर सिंह की किडनैपिंग की खबर मिली तो एसपी के गनमैन ने उनके मोबाइल पर कॉल की तो सामने से किसी ने कहा ‘सलाम आलेकुम’। इसके बाद गनमैन ने बताया कि फोन एसपी का है तो कॉल काट दी गई। ऐसा अंदेशा है कि एसपी का फोन किसी आतंकी ने ही उठाया था।

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गनमैन कुलविंदर सिंह के मुताबिक अपहरण की सूचना मिलने के बाद उन्होंने लगातार एसपी का नंबर मिलाने की कोशिश की। सुबह करीब 3:26 पर किसी ने फोन उठाया। उसके हैलो कहने पर सामने वाले ने कहा सलाम आलेकुम। जब उसने पूछा कि आप कौन तो सामने वाले ने भी यही सवाल दोहराया। जब उसने कहा कि यह एसपी का नंबर है तो सामने से पूछा गया एसपी कौन। इसके बाद फोन काट दिया गया।

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एसपी सलविंदर ने आपबीती बयां करते हुए कहा, कि किडनैपिंग हुई तो हमारी आंखों पर पट्टी बांध कर हाथों को पीछे बांध दिया गया। आतंकियों ने धमकी दी कि अगर हमने कुछ कहा तो वे हमें जान से मार देंगे। आतंकियों के पास एके-47 थी। शुरुआत में उन्हें पता नहीं था कि मैं सीनियर पुलिस अधिकारी हूं। कुछ देर के बाद उन्होंने मुझे और मेरे कुक मदनलाल को गाड़ी से बाहर फेंक दिया था।

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बाद में मेरे गनमैन के फोन और गाड़ी का हूटर बजने के बाद उन्हें पता चल गया कि मैं एसपी हूं। इसके बाद वे मुझे मारने के लिए वापस आए लेकिन तब तक मैं वहां से भाग गया। मेरी आंखों पर पट्टी बांधने के बाद उन्होंने मेरे तीन फोन भी ले लिए। मैं तो पीर बाबा की मजार पर माथा टेकने गया था इसलिए वर्दी में नहीं था और सिक्योरिटी भी साथ नहीं ले गया था। आतंकियों ने हमें रोका और कहा कि लाइट बंद करो।
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दूसरे ने कहा कि झुक जाओ और ऊपर देखा तो गोली मार देंगे। आतंकी हिंदी, उर्दू और पंजाबी में बात कर रहे थे। मुझे गाड़ी से फेंकने के बाद जब आतंकियों को पता चला कि मैं एसपी हूं तो उन्होंने राजेश से कहा कि तुमने हमें धोखा दिया और तुम्हें इसका परिणाम भुगतना होगा। उनके पास हथियार थे, मैं कैसे उनका सामना कर सकता था। अगर मेरा गनमैन मेरे साथ होता तो शायद मैं उनका सामना कर पाता।
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