हर रोज ट्रेन में सफर करने वाले लोगों के लिए खबर। दरअसल ट्रेन टिकट को लेकर चार नई गाइड लाइन जारी की गई है, पढ़ लीजिए बड़े काम की है।
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चंडीगढ़ रेलवे स्टेशन
रेलयात्रियों के लिए एक राहत भरी खबर है। अब तत्काल टिकट पर भी वे सौ फीसदी रिफंड ले सकते हैं। रेलवे ने पांच शर्तों पर तत्काल टिकट पर सौ फीसदी रिफंड देने की व्यवस्था शुरू की है। इसके तहत काउंटर और ई-टिकट दोनों पर रिफंड मिलेगा।
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अंबाला कैंट रेलवे स्टेशन
नए नियम के मुताबिक, ट्रेन के प्रारंभिक स्टेशन पर तीन घंटे विलंब से आने पर, रूट डायवर्ट होने, बोर्डिंग स्टेशन से ट्रेन के नहीं जाने और कोच डैमेज होने या बुक टिकट वाली श्रेणी में यात्रा की सुविधा नहीं मिलने पर यात्री सौ फीसदी रिफंड ले सकेंगे।
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भारतीय रेलवे स्टेशन
यही नहीं, अगर यात्री को लोअर श्रेणी में यात्रा की सुविधा मुहैया कराया जाता है तो रेलवे किराए के अंतर के साथ ही तत्काल का चार्ज भी लौटाएगी। सीपीआरओ, एनईआर, संजय यादव ने बताया कि पांच शर्तें के आधार पर तत्काल टिकट पर भी सौ फीसदी रिफंड देने का नियम बनाया है।
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रेलवे स्टेशन
- फोटो : अमर उजाला
दूसरी व्यवस्था ये कि ट्रेनों के कोच पर अब रिजर्वेशन चार्ट नहीं चिपकाए जाएंगे। यह व्यवस्था एक मार्च से लागू हो जाएगी। यात्रियों को ट्रेन में बैठने से पहले स्टेशन के डिस्प्ले चार्ट पर ही कोच व सीट नंबर देखना होगा। कागज पर होने वाले खर्च को कम करने के लिए रेलवे बोर्ड ने यह फैसला लिया है।
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railway station
फिलहाल यह व्यवस्था पायलट प्रोजेक्ट के रूप में छह माह के लिए निर्धारित की गई है। इसके लिए सभी जोन को आदेश भी जारी कर दिए गए हैं। अगर रेल यात्रियों की ओर से अच्छा रिस्पांस मिला और कागज पर होने वाले खर्च में कमी आई तो इस व्यवस्था को पूरी तरह से लागू करने की योजना है।
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रेलवे स्टेशन
इस पायलट प्रोजेक्ट के तहत रेलवे ने यात्रियों से होने वाली आय के आधार पर स्टेशनों को सात कैटेगरी ए1, ए, बी, सी, डी और ई में विभाजित किया है। जिन स्टेशनों पर इलेक्ट्रोनिक चार्ट डिस्पले प्लाज्मा लगा हुआ है और वह सुचारू तरीके से काम कर रहा है तो वहां बोर्ड पर भी चार्ट नहीं चिपकाया जाएगा।
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रेलवे स्टेशन
- फोटो : अमर उजाला
तीसरी व्यवस्था ये कि रेलवे के आरक्षण फॉर्म में एक फरवरी से बदलाव हो रहा है। नए फॉर्म में दिव्यांगों और थर्ड जेंडर को पहचान देने के लिए कॉलम जोड़ा गया है। नए फार्म में शताब्दी और राजधानी के यात्री खाना लेने या नहीं लेने का विकल्प भी भर सकेंगे। अब तक ऐसा विकल्प न होने से शताब्दी और राजधानी के मुसाफिरों को खाने का शुल्क चुकाना पड़ता था।
चौथी व्यवस्था ये कि आईआरसीटीसी की एक ऐप शुरू हो गई है। इस ऐप से लोग पर पीएनआर स्टेट्स, ट्रेन रनिंग स्टेट्स, टिकट बुकिंग स्टेट्स, रिजर्वेशन, बीच रास्ते आने वाले स्टेशन आदि से संबंधित सभी प्रकार की जानकारियां ले सकते हैं, बस आपको ट्रेन नंबर याद होना चाहिए। इस ऐप को आईआरसीटीसी ऑनलाइन इंक्वायरी इस नाम से प्ले स्टोर से डाउनलोड किया जा सकता है।