चाहे 27 जुलाई 2015 हो या 2 जनवरी का पठानकोट हमला। पाकिस्तान से पहले भी बदला ले चुका है भारत। देखिए, उसके सबूत।
विज्ञापन
2 of 7
पठानकोट आतंकी हमले के दौरान सेना ने मारे थे 6 आतंकी
2 जनवरी को हुए पठानकोट एयरबेस पर जैश-ए-मोहम्मद के 6 आतंकियों ने हमला किया था। इसके बाद 36 घंटे तक एनकाउंटर और तीन दिन कॉम्बिंग ऑपरेशन चला। एनकाउंटर में 6 आतंकी मारे गए, लेकिन हमारे सात जवान शहीद हो गए। आतंकियों के शव काफी दिन तक अस्पताल में पड़े रहे।
विज्ञापन
3 of 7
पठानकोट आतंकी हमले के दौरान सेना ने मारे थे 6 आतंकी
आतंकी हमले में मारे गए आतंकियों के शवों को छह जनवरी की रात को एयरफोर्स कर्मी अपनी गाड़ी में सिविल अस्पताल के पोस्टमार्टम रूम में लाए थे। सात जनवरी को छह डॉक्टरों के बनाए गए बोर्ड ने पोस्टमार्टम कर शव पुलिस को सौंप दिए थे।
4 of 7
पठानकोट आतंकी हमले के दौरान सेना ने मारे थे 6 आतंकी
जांच एजेंसी को यह तथ्य हैरान कर सकता है कि शारीरिक विकलांगता के बावजूद आतंकी अपने ग्रुप के अन्य आतंकी साथियों के साथ कैसे सामान्य रूप से सरहद में घुसा व सरहद से एयबेस जैसे टारगेट स्थल तक 40 किलोमीटर सफर भी तय करने व बड़ा आतंकी हमला करने में कामयाब रहा।
विज्ञापन
5 of 7
पठानकोट आतंकी हमले के दौरान सेना ने मारे थे 6 आतंकी
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सामने आया है कि आतंकी गोलियों से बुरी तरह छलनी थे। चार आतंकवादियों के शवों का एक्सरे और सीटी स्कैन करवाया गया और उनके शरीर में करीब 50 गोलियां होने की जानकारी मिली है। मारे गए चार आतंकियों के शव पूरे थे, जबकि दो बुरी तरह जले हुए थे।
विज्ञापन
6 of 7
पठानकोट आतंकी हमले के दौरान सेना ने मारे थे 6 आतंकी
पठानकोट के सिविल अस्पताल में आतंकियों का पोस्टमार्टम पांच घंटे तक चला। सभी आतंकियों की उम्र 20 से 30 साल के बीच थी। हमले का मास्टरमाइंड जैश-ए-मोहम्मद का चीफ मौलाना मसूद अजहर था। इस हमले के बाद गुरदासपुर के पूर्व एसपी सलविंदर सिंह भी शक के घेरे में रहे।
पठानकोट आतंकी हमले के दौरान सेना ने मारे थे 6 आतंकी
पाकिस्तान सीमा से 13 किमी दूर 27 जुलाई 2015 को दीनानगर में आतंकी हमले में पंजाब पहली बार पाक आतंकियों के निशाने पर था। तीन आतंकियों ने पुलिस स्टेशन पर हमला किया। हालांकि, 11 घंटे में ही इन्हें मार गिराया गया। तीनों आतंकियों को गृह मंत्रालय ने पाकिस्तानी बताया था।