युवाओं में नशे की लत, नशा तस्करों और नशे के कारोबार पर लगाम लगाने के लिए सरकार ने अब बड़ा कदम उठाया है, जिससे एक साथ दो निशाने लगेंगे।
विज्ञापन
2 of 6
drugs
दरअसल, हरियाणा सरकार अब नशेड़ियों को ही नशे के कारोबार के खिलाफ हथियार बनाएगी। नशेड़ियों की काउंसलिंग कर उनकी मुखबिरी से नशे का नेटवर्क तोड़ा जाएगा। इसी योजना के तहत सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग ने नशा मुक्ति केंद्रों से एक गोपनीय रिपोर्ट तैयार करवाई है, जो नशे के नेटवर्क को तोड़ने में कारगार साबित होगी।
विज्ञापन
3 of 6
ड्रग्स स्मगलिंग
- फोटो : डेमो फोटो
हरियाणा में नशे के हालात थोड़ी गंभीर है। यूपी से वाया दिल्ली हरियाणा में नशा भेजा जाता है और यहीं से नशा आगे पंजाब तक सप्लाई किया जाता है। दूसरी ओर, हिमाचल से भी वाया हरियाणा आगे नशा सप्लाई होता है। हरियाणा के अंबाला में इंटरनेशनल गिरोह के सदस्य भी 60 किलो अफीम के साथ काबू किया था। वे कुल्लू के पुलगा गांव से अफीम की खेप लेकर वाया अंबाला छावनी ट्रेन से मुंबई जा रहे थे। वहां से यह खेप इटली जानी थी।
4 of 6
drugs
पुलिस ने इस मामले में इटली के एक निवासी को भी काबू किया था। इसके अतिरिक्त हरियाणा में नशे के कैप्सूल की सप्लाई जोरों पर है। इतना ही नहीं, यूपी व दिल्ली से आने वाली कई टैक्सी चालक भी नशे की तस्करी में लिप्त हैं। ऐसे मामले पुलिस की पकड़ में आ चुके हैं। विभिन्न शहरों के पिछड़े इलाकों में भी मिलीभगत के चलते नशा कारोबारी अपने घरों में भी इस गोरखधंधे में लिप्त हैं।
विज्ञापन
5 of 6
drugs
सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग ने सभी जिलों के डीसी की देखरेख में एडीसी, सीएमओ, डीएसडब्ल्यूओ की टीमें बनाईं और उन्हें सरकार के अधिकृत नशा मुक्ति केंद्रों में भेजा। वहां इन टीमों ने उपचाराधीन नशेड़ियों की काउंसलिंग की। उनसे यह सूचना एकत्रित की कि वे कब से नशा करते हैं, किसने उन्हें इस लत में डाला, वे नशा कहां से लाते हैं, नशे का कारोबार करने वाले कौन लोग (तस्कर व कारोबारी) उनके संपर्क में हैं, वे कहां रहते हैं और उन्हें नशा कैसे उपलब्ध करवाते हैं? इत्यादि।
सारी जानकारी लेने के बाद टीमों ने नशेड़ियों को इस गर्त से उबारने का भी प्रयास किया। नशेड़ियों से प्राप्त इसी रिपोर्ट को हरियाणा पुलिस विभाग को सौंप दिया गया है ताकि पुलिस अब नशेड़ियों से जुटाई खास सूचनाओं की मदद से नशे का नेटवर्क तोड़ पाए। विभाग के एसीएस आरआर जोवल के अनुसार नशे में फंसे युवाओं व किशोरों को उबारने की कड़ी में ही यह कदम उठाया गया है।